प्रयागराज में महाकुंभ के समापन के बाद श्रद्धालुओं की इच्छा रामनवमी में राम लला के दर्शन करने की है। अयोध्या की रामनगरी इस मौके के लिए तैयार हो रही है। बड़ी संख्या में श्रद्धालु 30 मार्च से शुरू हो रहे रामनवमी मेला के लिए अयोध्या पहुंचने लगे हैं। बताया जाता है कि इस दौरान 50 लाख से ज्यादा लोग अयोध्या पहुंच सकते हैं। अगर आप भी रामनवमी के पावन मौके पर रामनगरी जाना चाहते हैं तो आपको कई बातें जान लेने की जरूरत है।
90 फीसदी बुक हो चुके हैं होटल और धर्मशाला
रामनवमी (Ram Navami) का मेला 30 अप्रैल को शुरू होने से पहले ही राम नगरी सजने लगी है। रामनवमी 6 अप्रैल को है। लेकिन, अभी से अयोध्या में रहने के लिए जगह नहीं मिल रही है। होटल और धर्मशाला में 90 फीसदी बुकिंग हो चुकी है। बाद में आने वाले श्रद्धालुओं के लिए 10 फीसदी बुकिंग रोककर रखी गई है। अब कई लोग होम स्टेज, मंदिर और आश्रम में जगह तलाश रहे हैं। लोगों को ठहरने के लिए जगह मिलने में काफी दिक्कत हो रही है।
रोजाना 3 लाख लोग कर रहे राम लला के दर्शन
BJP के सिटी प्रेसिडेंट कमलेश श्रीवास्तव ने कहा कि रोजाना 70,000-80,000 लोग अयोध्या पहुंच रहे हैं। 9 दिनों तक चलने वाली रामनवमी के दौरान इस बार 50 लाख से ज्यादा श्रद्धालुओं के अयोध्या पहुंचने की उम्मीद है। राम मंदिर में रोजाना करीब 2.5 से 3 लाख लोग राम लला के दर्शन कर रहे हैं। एक होटल के मालिक अनूप गुप्ता ने कहा कि बच्चों की परीक्षाएं खत्म हो गई हैं। नया शैक्षणिक सत्र शुरू होने में अभी समय बचा हुआ है। इसलिए लोग अपने परिवार सहित अयोध्या पहुंच रहे हैं। बड़ी संख्या में लोगों के फोन आ रहे हैं। वे रूम की उपलब्धता के बारे में पूछ रहे हैं। इनमें काफी लोग दक्षिण राज्यों के हैं।
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श्रद्धालुओं को रामनवमी पर सूर्य तिलक का इंतजार
9 दिनों तक चलने वाले रामनवमी के कार्यक्रम में रामकथा, रामनाम संकीर्तन, नव प्रयाण और हवन शामिल हैं। अयोध्या के कई मंदिरों में इन कार्यक्रमों के लिए पूरी तैयारी हो चुकी है। लेकिन, श्रद्धालुओं को सबसे ज्यादा इंतजार इस बार सूर्य तिलक के लिए स्थायी व्यवस्था शुरू होने का है। इस व्यवस्था के शुरू हो जाने पर रामनवमी के दिन सूर्य की किरणें ठीक दिन में 12 बजे रामलला के ललाट पर पड़ेगी। इसके लिए रूड़की के वैज्ञानिकों की एक टीम पूरी तरह से तैयार है। इस सिस्टम को रूड़की स्थिति सेंट्रल बिल्डिंग रिसर्च इंस्टीट्यू के वैज्ञानिकों ने तैयार किया है।