Sunjay Kapur Case: दिवंगत उद्योगपति संजय कपूर के परिवार में छिड़ा कानूनी विवाद का मामला दिल्ली हाई कोर्ट में चल रहा है। मंगलवार को हाई कोर्ट ने संजय कपूर की पत्नी प्रिया कपूर और उनकी बहन मंधिरा कपूर स्मिथ को एक-दूसरे के खिलाफ सार्वजनिक बयानबाजी करने से बचने का आदेश दिया। कोर्ट ने दोनों पक्षों को नसीहत दी कि पारिवारिक और मानहानि के विवादों में गरिमा और मर्यादा बनाए रखना जरूरी है।
जून 2025 में इंग्लैंड में एक पोलो मैच के दौरान संजय कपूर का निधन हो गया था। रिपोर्ट के मुताबिक, मधुमक्खी के काटने से हुई एलर्जी के कारण उन्हें दिल का दौरा पड़ा था। उनके निधन के बाद से ही संपत्ति और विरासत को लेकर परिवार में खींचतान शुरू हो गई। संजय कपूर की दूसरी पत्नी प्रिया कपूर ने अपनी ननद मंधिरा पर आरोप लगाया है कि वे उनके खिलाफ सोशल मीडिया, पॉडकास्ट और इंटरव्यू के जरिए बदनाम करने वाला अभियान चला रही हैं।
जस्टिस मिनी पुष्कर्णा ने मामले की संवेदनशीलता को देखते हुए कहा, 'दोनों पक्षों को निर्देश दिया जाता है कि वे प्रत्यक्ष या अप्रत्यक्ष रूप से एक-दूसरे पर बयान देने में संयम बरतें।' कोर्ट ने इस मामले में मंधिरा कपूर स्मिथ और पॉडकास्ट होस्ट पूजा चौधरी को समन जारी किया है। अब इस केस की अगली सुनवाई मई में होगी।
प्रिया कपूर ने लगाया था 'सोची-समझी साजिश' का आरोप
प्रिया कपूर ने अपनी याचिका में दावा किया है कि संजय कपूर की मृत्यु के कुछ ही दिनों बाद मंधिरा ने उन्हें सामाजिक रूप से बदनाम करने के लिए एक संगठित अभियान शुरू कर दिया। याचिका के अनुसार, पॉडकास्ट 'InControversial with Pooja Chaudhri' और अन्य माध्यमों से प्रिया पर बेईमानी, संपत्ति छुपाने और अवैध रूप से कंपनी पर नियंत्रण करने जैसे झूठे आरोप लगाए गए। प्रिया ने कोर्ट से मांग की है कि आपत्तिजनक सामग्री को इंटरनेट से हटाया जाए, सार्वजनिक रूप से माफी मांगी जाए और उन्हें 20 करोड़ रुपये का हर्जाना दिया जाए।
दूसरी ओर मंधिरा कपूर स्मिथ के वकील ने कोर्ट में तर्क दिया कि उनके खिलाफ भी मीडिया में बदनाम करने वाला अभियान चलाया जा रहा है। इस विवाद में संजय कपूर की पूर्व पत्नी और अभिनेत्री करिश्मा कपूर भी अपने बच्चों के अधिकारों के लिए संपत्ति की इस लड़ाई में एक पक्ष के रूप में जुड़ी हुई हैं। फिलहाल, हाई कोर्ट ने दोनों पक्षों को चुप रहने का आदेश देकर मामले को शांत करने की कोशिश की है, लेकिन आपराधिक मानहानि का एक मामला ट्रायल कोर्ट में भी चल रहा है।