दिल्ली-NCR और आसपास के इलाकों में एयर क्वालिटी मैनेजमेंट कमीशन (CAQM) ने बुधवार को GRAP-IV को तुरंत प्रभाव से हटा दिया, भले ही शहर के बड़े हिस्से में हवा की क्वालिटी 'बहुत खराब' श्रेणी में रही। सेंट्रल पॉल्यूशन कंट्रोल बोर्ड (CPCB) के आंकड़ों के मुताबिक, ITO और इंडिया गेट जैसे इलाकों में AQI 350 से ऊपर रहा, जो दिल्ली में खतरनाक हवा की समस्या बरकरार होने का संकेत देता है।
एयर क्वालिटी मैनेजमेंट कमीशन (CAQM) ने आज बयान में कहा कि दिल्ली का AQI कल रात से तेज हवाओं और अनुकूल मौसम के कारण काफी सुधर गया है। कमीशन ने बताया कि बुधवार को AQI 271 ('खराब' श्रेणी) दर्ज किया गया।
हालांकि, IMD/IITM के पूर्वानुमान के अनुसार, आने वाले दिनों में हवाएं धीमी पड़ने से दिल्ली का AQI फिर बढ़ सकता है।
कमीशन ने 13 दिसंबर 2025 के आदेश को रद्द किया, जो GRAP के स्टेज-IV के तहत था। यह स्टेज तब लगाया जाता है, जब AQI 450 से ज्यादा हो। लेकिन स्टेज-I, II और III के उपाय जारी रहेंगे, जो 21 नवंबर 2025 के संशोधित GRAP के अनुसार लागू होंगे।
दिल्ली हाईकोर्ट का निर्देश
यह फैसला दिल्ली हाईकोर्ट के उस आदेश के कुछ घंटों बाद आया, जिसमें कोर्ट ने GST काउंसिल को एयर प्यूरीफायर पर GST घटाने के लिए जल्द बैठक करने को कहा। कोर्ट ने केंद्र से पूछा कि प्रदूषण बढ़ते समय 18% जीएसटी क्यों लगाया जाए। बेंच ने कहा कि हर नागरिक को साफ हवा का हक है।
इससे पहले GRAP-IV के तहत निजी वाहनों पर पूरी तरह रोक नहीं लगी थी। उत्सर्जन मानकों और ईंधन के आधार पर पाबंदी थी। BS-III पेट्रोल और BS-IV डीजल गाड़ियां दिल्ली-NCR में नहीं चल सकतीं, सिवाय जरूरी सेवाओं के।