Nikhil Gupta: पन्नू हत्याकांड की साजिश में बड़ा खुलासा, अमेरिकी न्याय विभाग ने निखिल गुप्ता से जोड़ा 'रॉ' का कनेक्शन

Nikhil Gupta Guilty Plea: अमेरिकी न्याय विभाग ने अपने बयान में विकास यादव का जिक्र 'कैबिनेट सचिवालय' के कर्मचारी के रूप में किया है, जहां 'रॉ' का मुख्यालय है। सबसे चौंकाने वाला दावा यह है कि कनाडा में हरदीप सिंह निज्जर की हत्या के अगले ही दिन निखिल गुप्ता ने अंडरकवर एजेंट से कहा था कि 'निज्जर भी निशाने पर था' और अब न्यूयॉर्क वाले ऑपरेशन के लिए इंतजार करने की जरूरत नहीं है

अपडेटेड Feb 15, 2026 पर 11:30 AM
Story continues below Advertisement
DoJ ने इस मामले में सीधे तौर पर भारत की खुफिया एजेंसी 'रॉ' के एक पूर्व अधिकारी विकास यादव का नाम घसीटा है

Nikhil Gupta Case: खालिस्तानी अलगाववादी गुरपतवंत सिंह पन्नू की हत्या की कथित साजिश का मामला अब बेहद विस्फोटक मोड़ पर आ गया है। भारतीय नागरिक निखिल गुप्ता ने न्यूयॉर्क की एक अदालत में अपना गुनाह कबूल कर लिया है। अमेरिकी न्याय विभाग (DoJ) ने इस मामले में सीधे तौर पर भारत की खुफिया एजेंसी 'रॉ' (RA&W) के एक पूर्व अधिकारी विकास यादव का नाम घसीटा है। इस स्वीकारोक्ति ने भारत और अमेरिका के बीच चल रहे कूटनीतिक तनाव को एक नए मोड़ पर ला दिया है।

$100,000 में हुआ था मौत का सौदा

अमेरिकी अभियोजकों के अनुसार, 54 वर्षीय निखिल गुप्ता ने स्वीकार किया है कि उसने विकास यादव के इशारे पर पन्नू की हत्या के लिए एक 'हिटमैन' ढूंढने की कोशिश की थी। यह सौदा 1,00,000 डॉलर में तय हुआ था, जिसका 15,000 डॉलर का एडवांस 9 जून 2023 को दिया गया था। निखिल जिस व्यक्ति को अपराधी समझकर डील कर रहा था, वह दरअसल अमेरिकी ड्रग एनफोर्समेंट एडमिनिस्ट्रेशन (DEA) का अंडरकवर एजेंट निकला। रिपोर्ट में यह भी दावा किया गया है कि गुप्ता ने निर्देश दिए थे कि प्रधानमंत्री की अमेरिका यात्रा के दौरान यह हत्या न की जाए।


'रॉ' और निज्जर मर्डर से जुड़ा लिंक

अमेरिकी न्याय विभाग ने अपने बयान में विकास यादव का जिक्र 'कैबिनेट सचिवालय' के कर्मचारी के रूप में किया है, जहां 'रॉ' का मुख्यालय है। सबसे चौंकाने वाला दावा यह है कि कनाडा में हरदीप सिंह निज्जर की हत्या के अगले ही दिन निखिल गुप्ता ने अंडरकवर एजेंट से कहा था कि 'निज्जर भी निशाने पर था' और अब न्यूयॉर्क वाले ऑपरेशन के लिए इंतजार करने की जरूरत नहीं है। यह पहली बार है जब अमेरिकी दस्तावेजों में निज्जर और पन्नू के मामलों को आधिकारिक तौर पर एक ही सूत्र में पिरोया गया है।

कितनी मिल सकती है सजा?

चेक गणराज्य से प्रत्यर्पित होकर न्यूयॉर्क की जेल में बंद निखिल गुप्ता को 29 मई 2026 को सजा सुनाई जाएगी। उन पर लगे आरोपों के तहत:

हत्या के लिए सुपारी: 10 साल की सजा।

साजिश रचना: 10 साल की सजा।

मनी लॉन्ड्रिंग की साजिश: 20 साल तक की जेल।

कुल मिलाकर निखिल गुप्ता को अपने जीवन का एक लंबा हिस्सा अमेरिकी सलाखों के पीछे बिताना पड़ सकता है।

क्या है भारत का रुख?

इस पूरे विवाद पर भारत सरकार ने पहले ही एक उच्च स्तरीय जांच समिति गठित कर दी है। हालांकि, विदेश मंत्रालय ने स्पष्ट किया है कि विकास यादव अब सरकारी कर्मचारी नहीं है और भारत ऐसी किसी भी 'टारगेट किलिंग' की नीति का समर्थन नहीं करता है। फिलहाल विदेश मंत्रालय ने निखिल गुप्ता के ताजा बयान पर कोई नई टिप्पणी नहीं की है।

हिंदी में शेयर बाजार स्टॉक मार्केट न्यूज़,  बिजनेस न्यूज़,  पर्सनल फाइनेंस और अन्य देश से जुड़ी खबरें सबसे पहले मनीकंट्रोल हिंदी पर पढ़ें. डेली मार्केट अपडेट के लिए Moneycontrol App  डाउनलोड करें।