Rajdhani Express Fire: मध्य प्रदेश के रतलाम जिले में राजधानी एक्सप्रेस के एक डिब्बे में रविवार (17 मई) सुबह भीषण आग लग गई। इस घटना में फिलहाल किसी व्यक्ति के हताहत होने की कोई सूचना नहीं है। रेलवे के एक अधिकारी ने बताया कि आग लगने के तुरंत बाद यात्रियों को ट्रेन से सुरक्षित निकाल लिया गया है। अधिकारी ने कहा, "मध्य प्रदेश के रतलाम जिले में राजधानी एक्सप्रेस के एक डिब्बे में आग लगी। हालांकि कोई जनहानि नहीं हुई है।"
रतलाम मंडल के जनसंपर्क अधिकारी मुकेश कुमार ने बताया कि आलोट और लूनीरीछा स्टेशन के बीच तिरुवनंतपुरम-हजरत निजामुद्दीन राजधानी एक्सप्रेस (12431) के B-1 डिब्बे में रविवार सुबह करीब सवा पांच बजे आग लगी। उन्होंने बताया कि कोटा रेल मंडल के तहत आने वाले क्षेत्र में हुई घटना में फिलहाल किसी जनहानि की सूचना नहीं है। कुमार ने बताया कि जिस डिब्बे में आग लगी, उसे ट्रेन से अलग करके आग पर काबू पा लिया गया है।
उन्होंने बताया कि रतलाम के मंडल रेल प्रबंधक (DRM) मौके पर पहुंच गए हैं। रतलाम से दुर्घटना राहत ट्रेन भी वहां पहुंच गई है। कोटा मंडल के सीनियर कमर्शियल मैनेजर सौरभ जैन ने बताया कि इस डिब्बे में 68 यात्री सवार थे। उन्होंने बताया कि सभी यात्रियों को ट्रेन से उतार दिया गया।
आग के बाद ट्रेन में अफरा-तफरी
घटना के बाद रविवार तड़के तिरुवनंतपुरम-हजरत निजामुद्दीन राजधानी एक्सप्रेस में अफरा-तफरी मच गई। जब ट्रेन मध्य प्रदेश के रतलाम जिले से गुजर रही थी तभी उसके एक कोच में आग लगने की खबर मिली। रेलवे अधिकारियों ने बताया कि यह घटना पश्चिम मध्य रेलवे के कोटा डिवीजन के तहत आने वाले लूणी रिछा और विक्रमगढ़ आलोट स्टेशनों के बीच ट्रेन नंबर 12431 के B-1 कोच में हुई।
जब धुआं और लपटें देखी गईं, तब कोच के अंदर 68 यात्री मौजूद थे। अधिकारियों के अनुसार, ट्रेन गार्ड ने सबसे पहले आग देखी और तुरंत लोको पायलट को सूचित किया, जिसके बाद ट्रेन को रोका गया। फिर यात्रियों को सुरक्षित निकालने के उपाय शुरू किए गए। एहतियात के तौर पर ऊपर से जाने वाली बिजली की सप्लाई बंद कर दी गई। जबकि आग को आगे फैलने से रोकने के लिए प्रभावित कोच को ट्रेन के बाकी हिस्सों से अलग कर दिया गया।
घटना की सूचना मिलते ही रेलवे सुरक्षा बल के जवानों ने ट्रेन में मौजूद रेलवे कर्मचारियों के साथ मिलकर यात्रियों को सुरक्षित निकालना शुरू कर दिया। अधिकारियों ने बताया कि पूरे कोच को लगभग 15 मिनट में खाली कर लिया गया। पश्चिम मध्य रेलवे कोटा डिवीजन ने एक बयान में कहा, "प्रभावित कोच के सभी यात्रियों को सुरक्षित रूप से उतार लिया गया। किसी भी यात्री या रेलवे कर्मचारी को कोई चोट नहीं आई और न ही कोई हताहत हुआ। OHE (ओवरहेड इलेक्ट्रिक) सप्लाई तुरंत काट दी गई। प्रभावित B-1 कोच को ट्रेन के बाकी हिस्सों से अलग कर दिया गया।"
घटना के बाद रेलवे डिवीज़न से बचाव और राहत टीमों को तुरंत मौके पर भेजा गया। इस आग के कारण व्यस्त दिल्ली-मुंबई रूट पर ट्रेन संचालन भी लगभग दो घंटे तक बाधित रहा। अधिकारियों ने बताया कि आग लगने का सही कारण अभी भी अज्ञात है। आग किस वजह से लगी, इसका पता लगाने के लिए जांच शुरू कर दी गई है।