Tahawwur Rana India Extradition: दिल्ली की एक अदालत को 26/11 के मुंबई हमलों का साजिशकर्ता तहव्वुर हुसैन राणा के अमेरिका से भारत आने से पहले इस संबंध में मुकदमे के रिकॉर्ड मिल गए हैं। मुंबई में 2008 में हुए आतंकी हमलों के प्रमुख आरोपी राणा को गुरुवार (10 अप्रैल) को एक विशेष विमान से भारत लाया जा रहा है। अमेरिका के सुप्रीम कोर्ट द्वारा राणा के आवेदन को खारिज किए जाने के बाद प्रत्यर्पण से बचने का उसका आखिरी प्रयास विफल हो गया था।
मुंबई की एक अदालत के कर्मचारियों को रिकॉर्ड भेजने के लिए 28 जनवरी को दिए गए निर्देश के अनुरूप, हाल में जिला जज विमल कुमार यादव की अदालत को ये रिकॉर्ड मिले। जज ने दिल्ली में राष्ट्रीय जांच एजेंसी (NIA) द्वारा मुंबई से रिकॉर्ड प्राप्त करने का अनुरोध करते हुए दायर आवेदन पर यह आदेश पारित किया। दिल्ली और मुंबई दोनों शहरों में 26/11 के हमलों से संबंधित कई मामलों की मौजूदगी के कारण निचली अदालत के रिकॉर्ड पहले मुंबई भेजे गए थे।
राणा को झटका देते हुए एक अमेरिकी अदालत ने पहले फैसला सुनाया था कि पाकिस्तानी मूल के कनाडाई व्यवसायी को भारत प्रत्यर्पित किया जा सकता है, जहां वह पाकिस्तान स्थित लश्कर-ए-तैयबा के आतंकवादियों द्वारा 2008 में किए गए मुंबई आतंकवादी हमलों में शामिल होने के लिए वांछित है। 64 वर्षीय राणा हमलों के मुख्य साजिशकर्ताओं में से एक, डेविड कोलमैन हेडली उर्फ दाऊद गिलानी का करीबी सहयोगी है।
पटियाला हाउस कोर्ट में सुरक्षा कड़ी
मुंबई आतंकी हमले के मामले में अमेरिका से प्रत्यर्पण के बाद आरोपों का सामना कर रहे तहव्वुर राणा की गुरुवार को संभावित पेशी से पहले दिल्ली के पटियाला हाउस कोर्ट के आसपास सुरक्षा व्यवस्था बढ़ा दी गई है। अधिकारियों ने सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए परिसर के बाहर अर्धसैनिक बलों और दिल्ली पुलिस के जवानों को तैनात किया है। कोर्ट में आने वालों की सख्त जांच प्रोटोकॉल लागू किया है।
इस मामले की सुनवाई NIA जज द्वारा की जानी है। तिहाड़ जेल के अधिकारियों ने राणा की हिरासत के लिए उच्च सुरक्षा वाले वार्ड की तैयारी की पुष्टि की है। राणा को अमेरिका से दिल्ली लाने की प्रक्रिया चल रही है। भारत पहुंचने पर उसे तिहाड़ जेल में रखा जाएगा।