Bengal Elections: बाबरी मस्जिद की नींव रखने वाले हुमायूं कबीर ने नई पार्टी का किया ऐलान, ममता बनर्जी की बढ़ेगी मुश्किलें?

West Bengal Elections 2026: निलंबित तृणमूल कांग्रेस (TMC) के विधायक हुमायूं कबीर ने सोमवार (22 दिसंबर) को अपनी एक नई राजनीतिक पार्टी बनाने की घोषणा की। बाबरी मस्जिद की नींव रखने वाले हुमायूं कबीर ने अपनी नई पार्टी का नाम 'जनता उन्नयन पार्टी (JUP)' रखा है

अपडेटेड Dec 22, 2025 पर 3:02 PM
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West Bengal Elections 2026: TMC से निकाले गए विधायक हुमायूं कबीर ने नया राजनीतिक संगठन बनाया

West Bengal Elections 2026: पश्चिम बंगाल के मुर्शिदाबाद जिले में बाबरी मस्जिद की शैली जैसी मस्जिद की आधारशिला रखने पर तृणमूल कांग्रेस (TMC) से निलंबित विधायक हुमायूं कबीर ने सोमवार (22 दिसंबर) को जनता उन्नयन पार्टी (JUP) नामक एक नई राजनीतिक पार्टी का ऐलान किया। कबीर ने बेलडांगा में एक जनसभा को संबोधित करते हुए उन कुछ उम्मीदवारों के नाम बताए जिन्हें उनकी नई पार्टी राज्य में 2026 के विधानसभा चुनावों में उतारेगी। भरतपुर के विधायक कबीर ने कहा कि वे मुर्शिदाबाद की दो सीटें, रेजिनगर और बेलडांगा से विधानसभा चुनाव लड़ेंगे।

कबीर ने अगले साल होने वाले पश्चिम बंगाल चुनाव से पहले एक विवाद खड़ा कर दिया था। मुर्शिदाबाद जिले में उनकी 'बाबरी मस्जिद-स्टाइल' में एक मस्जिद का नींव रखने के कारण 'मंदिर बनाम मस्जिद' विवाद शुरू हो गया था। कबीर ने यह भी कहा कि JUP के सिंबल के लिए उनकी पसंदीदा पसंद एक टेबल और दो गुलाब हैं। कबीर ने कहा कि उनकी पार्टी राज्य के हाशिए पर पड़े लोगों को एक मंच प्रदान करेगी।

तृणमूल कांग्रेस (TMC) के सस्पेंड MLA हुमायूं कबीर ने कहा कि उनकी पार्टी पिछड़े तबकों के मुद्दों पर फोकस करेगी। RSS प्रमुख मोहन भागवत के 'बाबरी मस्जिद' के निर्माण को लेकर दिए गए बयान पर प्रतिक्रिया देते हुए कबीर ने कहा कि वह भागवत का सम्मान करते हैं। लेकिन वह इस बात से सहमत नहीं हैं कि इस मुद्दे से पश्चिम बंगाल में अशांति फैल सकती है। उन्होंने कहा, "हम मोहन भागवत जी का सम्मान करते हैं। लेकिन उनका यह आकलन कि यहां दंगे वगैरह हो सकते हैं, हम ऐसा कुछ नहीं होने देंगे।"


ममता पर लगाया बड़ा आरोप

कबीर ने यह भी आरोप लगाया कि मुख्यमंत्री ममता बनर्जी के RSS से संबंध हैं। उन्होंने दावा किया कि उनके कार्यकाल में राज्य में संगठन की मौजूदगी बढ़ी है। उन्होंने कहा कि भागवत हाल ही में 15 दिनों के लिए पश्चिम बंगाल आए थे। उन्होंने उनकी अगली यात्रा पर सवाल उठाया। कबीर ने कहा, "CM के RSS से कुछ संबंध हैं। हाल ही में मोहन भागवत जी 15 दिनों के लिए बंगाल आए थे, अब वह फिर से यहां कैसे आ गए? उन्हें यहां आने के लिए राज्य सरकार की अनुमति चाहिए।"

2016 में जब हुमायूं कबीर ने स्वतंत्र उम्मीदवार के तौर पर चुनाव लड़ा था, तो उनका चुनाव चिन्ह 'टेबल' था। अपनी नई पार्टी के लिए वह फिर से चुनाव आयोग से 'टेबल' चिन्ह देने की अपील करने की योजना बना रहे हैं। अगर वह चिन्ह नहीं मिलता है, तो उनकी दूसरी पसंद 'गुलाब के फूलों का जोड़ा' होगी। खास बात यह है कि कबीर ने मुर्शिदाबाद में बाबरी मस्जिद जैसी एक मस्जिद बनाने का वादा किया है। इसके लिए उन्होंने पैसे इकट्ठा करना शुरू कर दिया है।

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