जब भी आप लोन के लिए अप्लाई करते हैं, तो बैंक या फाइनेंशियल इंस्टिट्यूशन आपकी फाइनेंशियल स्थिति को अच्छे से चेक करती हैं ताकि यह पता चल सके कि आप लोन चुका पाएंगे या नहीं. इस चेकिंग में एक अहम पैरामीटर होता है FOIR यानी फिक्स्ड ऑब्लिगेशन टू इनकम रेशियो. यह तय करता है कि आपको कितना लोन मिल सकता है और आप उसे समय पर चुका पाएंगे या नहीं.
