भारत और यूरोपियन यूनियन ने एक-दूसरे को दिया मोस्ट-फेवर्ड-नेशन का दर्जा, और गहरा होगा ट्रेड

भारत और यूरोपियन यूनियन के बीच ट्रेड डील को ‘मदर ऑफ ऑल डील’ कहा जा रहा है। शर्तों के तहत एक जॉइंट कमेटी डील के चौथे साल में रिव्यू करेगी। रिव्यू के आधार पर, कमेटी यह तय करेगी कि शुरुआती 5 साल के समय के बाद भी MFN ट्रीटमेंट जारी रखा जाए या नहीं

अपडेटेड Feb 28, 2026 पर 5:05 PM
Story continues below Advertisement
भारत और यूरोपियन यूनियन के बीच ट्रेड डील जनवरी 2026 में हुई।

भारत और यूरोपियन यूनियन ने अपने बीच फ्री ट्रेड एग्रीमेंट के लागू होने से लेकर 5 साल तक के समय के लिए एक-दूसरे को मोस्ट-फेवर्ड-नेशन (MFN) ट्रीटमेंट देने पर सहमति जताई है। भारत और यूरोपियन यूनियन के बीच ट्रेड डील (मुक्त व्यापार समझौता) जनवरी 2026 में हुई। डील को ‘मदर ऑफ ऑल डील’ कहा जा रहा है। इसके तहत भारत के 93 प्रतिशत निर्यात को 27 देशों के इस समूह में ड्यूटी-फ्री एंट्री मिलेगी। वहीं, यूरोपियन यूनियन से भारत में आने वाली लग्जरी कारें और वाइन सस्ती होने की संभावना है। यह समझौता दो दशकों से अधिक समय तक चली बातचीत के बाद हुआ है।

मोस्ट-फेवर्ड-नेशन दर्जा रहने तक भारत और यूरोपियन यूनियन दोनों दूसरे ट्रेड पार्टनर्स को बेहतर टैरिफ शर्तें ऑफर नहीं कर सकते हैं। किसी एक देश को दिए गए किसी भी ट्रेड फायदे को बाकी सभी MFN पार्टनर्स को भी दिया जाना चाहिए। MFN ट्रीटमेंट में टैक्सेशन पर समझौते, स्टैंडर्ड्स या ऑथराइजेशंस की पहचान, और विवाद निपटान प्रक्रिया से जुड़े प्रोविजन शामिल नहीं हैं। दोनों पक्ष लोकल लेवल पर प्रोड्यूस और कंज्यूम होने वाली सर्विसेज के लिए एक-दूसरे से सटे फ्रंटियर जोन में भी फायदे दे सकते हैं।

चौथे साल में होगा रिव्यू


शर्तों के तहत एक जॉइंट कमेटी डील के चौथे साल में यूरोपियन यूनियन में भारतीय स्टूडेंट्स की एंट्री और उनके रहने, उनके काम के अधिकारों, और सर्विस सप्लायर्स के अस्थायी मूवमेंट के इंतजाम से जुड़े डेवलपमेंट का रिव्यू करेगी। इस रिव्यू के आधार पर, कमेटी यह तय करेगी कि शुरुआती 5 साल के समय के बाद भी MFN ट्रीटमेंट जारी रखा जाए या नहीं। अगर हालात दोनों पक्षों हितों पर बुरा असर डालते हैं, तो पार्टियां आगे रिव्यू की रिक्वेस्ट भी कर सकती हैं। अगर कमेटी MFN ट्रीटमेंट जारी न रखने का फैसला करती है, तो MFN ट्रीटमेंट को बढ़ाने की जिम्मेदारी खत्म हो जाएगी। हालांकि पहले से दिए गए फायदे वैसे ही रहेंगे।

Paramount Skydance की होने जा रही है Warner Bros. Discovery, 110 अरब डॉलर का रहेगा सौदा

यूरोपीय संघ भारत का 22वां FTA पार्टनर बन गया है। भारत और EU वैश्विक GDP में 25 प्रतिशत और लगभग 33,000 अरब डॉलर के अंतरराष्ट्रीय व्यापार में एक-तिहाई (लगभग 11,000 अरब डॉलर) का योगदान देते हैं।

हिंदी में शेयर बाजार स्टॉक मार्केट न्यूज़,  बिजनेस न्यूज़,  पर्सनल फाइनेंस और अन्य देश से जुड़ी खबरें सबसे पहले मनीकंट्रोल हिंदी पर पढ़ें. डेली मार्केट अपडेट के लिए Moneycontrol App  डाउनलोड करें।