देश की टॉप 5 IT कंपनियों में से 2 ने Q4 में खोए 10433 कर्मचारी, 3 कंपनियों ने देखा 3293 का इजाफा

Nasscom की ताजा सालाना रणनीतिक समीक्षा के अनुसार, भारत की टेक्नोलॉजी इंडस्ट्री ने वित्त वर्ष 2026 में पिछले साल के मुकाबले सिर्फ 2,000 नई नौकरियां ही एड कीं। कुल मिलाकर लगभग 1.35 लाख कर्मचारियों को जोड़ा गया

अपडेटेड Apr 25, 2026 पर 9:51 AM
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वित्त वर्ष 2026 में TCS ने अपनी वर्कफोर्स से 12,000 लोगों को निकालने का फैसला किया।

जनवरी-मार्च 2026 तिमाही में भारत की टॉप 5 IT सर्विसेज कंपनियों में से 3 कंपनियों- TCS, HCLTech और विप्रो ने कर्मचारियों की संख्या में तिमाही आधार पर इजाफा दर्ज किया। वहीं इंफोसिस और टेक महिंद्रा ने कर्मचारियों की संख्या में कमी देखी। IT कंपनियां इस वक्त अपने AI (आर्टिफीशियल इंटेलिजेंस) लक्ष्यों के हिसाब से अपने बिजनेस ऑपरेशन्स को फिर से व्यवस्थित करने में लगी हुई हैं। सबसे पहले बात करते हैं कर्मचारियों में बढ़ोतरी की।

जनवरी-मार्च 2026 तिमाही में TCS की वर्कफोर्स में तिमाही आधार पर 2,356 कर्मचारी बढ़ गए। मार्च के आखिर तक कंपनी में 5,84,519 कर्मचारी थे। पूरे वित्त वर्ष 2026 में वर्कफोर्स में 23,000 कर्मचारियों की कमी दर्ज की गई। वित्त वर्ष 2026 में TCS ने अपनी वर्कफोर्स से 12,000 लोगों को निकालने का फैसला किया।

मार्च 2026 तिमाही में HCLTech की वर्कफोर्स में तिमाही आधार पर 802 कर्मचारी बढ़े। मार्च के आखिर तक कर्मचारियों की कुल संख्या 2,27,181 दर्ज की गई। वहीं Wipro के कर्मचारियों की संख्या में तिमाही आधार पर 135 की बढ़ोतरी हुई। मार्च 2026 के आखिर तक कंपनी में 242,156 कर्मचारी थे।


Infosys और Tech Mahindra में कितने घटे कर्मचारी

जनवरी-मार्च 2026 तिमाही में इंफोसिस में कर्मचारियों की संख्या में तिमाही आधार पर 8,440 की कमी आई। सालाना आधार पर कर्मचारियों की संख्या 5000 बढ़ी। मार्च के आखिर तक कंपनी में 3,28,594 कर्मचारी थे। इसी तरह Tech Mahindra ने मार्च 2026 तिमाही के दौरान एक तिमाही पहले के मुकाबले लगभग 1,993 कर्मचारियों को गंवा दिया। पूरे वित्त वर्ष 2026 के दौरान वर्कफोर्स में 1108 कर्मचारियों की कमी आई। कंपनी में मार्च के आखिर तक 1,47,623 कर्मचारी थे।

Nasscom की ताजा सालाना रणनीतिक समीक्षा के अनुसार, भारत की टेक्नोलॉजी इंडस्ट्री ने वित्त वर्ष 2026 में पिछले साल के मुकाबले सिर्फ 2,000 नई नौकरियां ही एड कीं। कुल मिलाकर लगभग 1.35 लाख कर्मचारियों को जोड़ा गया। वित्त वर्ष 2025 में यह आंकड़ा लगभग 1.33 लाख था। इससे पता चलता है कि हायरिंग में बढ़त लगभग रुक सी गई है। टेक इंडस्ट्री में कुल कर्मचारियों की संख्या वित्त वर्ष 2026 में बढ़कर 59.5 लाख हो गई। पिछले साल यह 58.2 लाख थी। इसका मतलब हुआ कि 2.3 प्रतिशत की बढ़ोतरी।

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नए लोगों को नौकरी पर रखने के लक्ष्य

TCS ने चालू वित्त वर्ष 2026-27 के लिए 25,000 फ्रेशर्स को नौकरी देने की पेशकश की है। फिर साल के दौरान मांग के आधार पर इस लक्ष्य को बढ़ाएगी। कंपनी ने वित्त वर्ष 2025-26 में 44,000 फ्रेशर्स की नियुक्ति की थी। Infosys की योजना नए वित्त वर्ष 2027 में लगभग 20,000 नए लोगों को नौकरी पर रखने की है। कंपनी ने वित्त वर्ष 2026 में भी इतने ही लोग नौकरी पर रखे थे। HCLTech, टेक महिंद्रा और Wipro ने कहा कि वे नए वित्त वर्ष के आगे बढ़ने के साथ-साथ इस बारे में फैसला करेंगे। वित्त वर्ष 2026 में HCLTech ने 11,744 नए लोगों को नौकरी पर रखा। Wipro ने 7,500 नए कर्मचारियों को नौकरी दी।

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