IT कंपनी इंफोसिस ने 31 दिसंबर, 2025 को खत्म हुई तिमाही के लिए औसतन लगभग 85 प्रतिशत का परफॉर्मेंस बोनस पेआउट शुरू किया है। यह पिछले साढ़े 3 सालों में पात्र कर्मचारियों के लिए सबसे अच्छा वेरिएबल पे है। मामले से जुड़े लोगों ने मनीकंट्रोल को बताया कि मिड-लेवल से जूनियर-लेवल तक के कर्मचारियों के लिए बोनस पेआउट 75 से 100 प्रतिशत के बीच है। ज्यादातर कर्मचारी ऑर्गेनाइजेशन-वाइड एवरेज 85 प्रतिशत के आसपास हैं।
इंफोसिस का वेरिएबल पे हाल की तिमाहियों में लगातार बेहतर हुआ है। यह लगभग 65 प्रतिशत से बढ़कर 80 प्रतिशत हो गया और अब अक्टूबर-दिसंबर 2025 तिमाही में औसतन लगभग 85 प्रतिशत है। पता चला है कि कर्मचारियों को अगले कुछ दिनों में उनके बोनस लेटर मिलने की उम्मीद है। पेआउट फरवरी की सैलरी के साथ क्रेडिट किया जाएगा।
कोविड के दौरान इंफोसिस ने दिया था 100 प्रतिशत वेरिएबल पे
एक कर्मचारी के मुताबिक, यह हाल के सालों में देखा गया सबसे अच्छा बोनस आउटकम है। कोविड पीरियड के बाद ऐसे बहुत कम मौके आए हैं जब पेआउट, एलिजिबल रेंज के अपर बैंड तक पहुंचे हैं। इंफोसिस ने पिछली बार महामारी के दौरान 100 प्रतिशत वेरिएबल पे दिया था, जबकि बाद की तिमाहियों में मैक्रो अनिश्चितता और डिमांड में कमी के कारण कम पेआउट देखा गया।
यह डेवलपमेंट इसलिए अहम है क्योंकि हाल के हफ्तों में ग्लोबल IT स्टॉक्स पर दबाव देखने को मिला है। यह दबाव आर्टिफीशियल इंटेलिजेंस (AI) में तेजी से हो रही तरक्की और पारंपरिक IT सर्विस मॉडल को बदलने की उनकी क्षमता को लेकर चिंताओं से शुरू हुआ है। एंथ्रोपिक जैसे AI लीडर्स पर इनवेस्टर्स के बढ़ते फोकस के बाद ग्लोबल IT कंपनियों के शेयरों में तेज बिकवाली हुई। इसके पीछे यह डर है कि जेनरेटिव AI प्राइसिंग को कम कर सकता है और लेगेसी सर्विस के काम की डिमांड को कम कर सकता है।
ऐसे में उम्मीद से ज्यादा बोनस पेआउट एग्जीक्यूशन और शॉर्ट-टर्म परफॉर्मेंस में मजबूती का संकेत देता है। फिर भले ही सेक्टर को लेकर सेंटिमेंट अभी भी कमजोर बना हुआ हो।