अमेरिका ने शुरू की ट्रंप की नई 10% टैरिफ की वसूली, ग्लोबल ट्रेड नियमों की उड़ाई धज्जियां

अमेरिकी कस्टम्स अधिकारियों ने आज 5 अप्रैल से राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के घोषित 10% के एकतरफा टैरिफ की वसूली शुरू कर दी है। यह टैरिफ सभी देशों से आने वाले सामनों पर लागू हो गया है। यह कदम आज सुबह 12:01 बजे ईटी (भारतीय समयानुसार 9:31 बजे) से अमेरिकी बंदरगाहों, एयर पोर्ट्स और कस्टम्स वेयरहाउसों पर लागू हुआ

अपडेटेड Apr 05, 2025 पर 2:56 PM
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Trump Tariffs: अगले सप्ताह से ट्रंप की 11% से लेकर 50% तक की ऊंची रेसिप्रोकल टैरिफ दरें लागू होंगी

अमेरिकी कस्टम्स अधिकारियों ने आज 5 अप्रैल से राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के घोषित 10% के एकतरफा टैरिफ की वसूली शुरू कर दी है। यह टैरिफ सभी देशों से आने वाले सामनों पर लागू हो गया है। वहीं भारत, चीन, वियतनाम समेत 57 देशों पर इससे भी अधिक टैरिफ दर लगाए गए हैं, जो कि 9 अप्रैल से लागू होगा। यह कदम आज सुबह 12:01 बजे ईटी (भारतीय समयानुसार 9:31 बजे) से अमेरिकी बंदरगाहों, एयर पोर्ट्स और कस्टम्स वेयरहाउसों पर लागू हुआ। इसके साथ ही ट्रंप सरकार ने द्वितीय विश्व युद्ध के बाद आपसी सहमति से तय हुए टैरिफ दरों के सिस्टम को पूरी तरह नकार दिया है।

ट्रेड विशेषज्ञ केली ऐन शॉ ने इसे "हमारे जीवनकाल की सबसे बड़ी व्यापारिक कार्रवाई" करार दिया। शॉ, जो पहले ट्रंप प्रशासन में व्हाइट हाउस ट्रेड एडवाइजर थीं, ने कहा, "यह एक जबरदस्त और ऐतिहासिक बदलाव है कि अब अमेरिका दुनिया के हर देश के साथ व्यापार के नियमों को नए सिरे से लिख रहा है।"

ट्रेड एक्सपर्ट्स और ट्रंप के पहले कार्यकाल में व्हाइट हाउस की ट्रेड एडवाइडर रहीं, केली ऐन शॉ ने इसे 'हमारे जीवनकाल की सबसे बड़ी व्यापारिक कार्रवाई' बताया। उन्होंने कहा, "यह एक जबरदस्त और ऐतिहासिक बदलाव है कि अब अमेरिका दुनिया के हर देश के साथ व्यापार के नियमों को नए सिरे से लिख रहा है।"


शॉ ने गुरुवार को ब्रूकिंग्स इंस्टीट्यूशन के एक कार्यक्रम में कहा कि उन्हें उम्मीद है कि समय के साथ टैरिफ में बदलाव होगा क्योंकि कई देश टैरिफ की दरों को घटाने के लिए अमेरिका से बातचीत की तैयारी में हैं। उन्होंने कहा, "लेकिन यह बहुत बड़ा कदम है। यह दुनिया के हर देश के साथ व्यापार करने के हमारे तरीके में एक बहुत बड़ा और महत्वपूर्ण बदलाव है।"

ग्लोबल शेयर मार्केट्स में मचा हड़कंप

ट्रंप के बुधवार के टैरिफ ऐलानों के बाद से ग्लोबल शेयर मार्केट्स में भारी गिरावट देखी गई। S&P 500 कंपनियों की कुल मार्केट वैल्यू शुक्रवार तक 5 ट्रिलियन डॉलर घट गई, जो कि दो दिनों में अब तक की सबसे बड़ी गिरावट है। क्रूड ऑयल और दूसरी कमोडिटी की कीमतों में गिरावट आई, जबकि निवेशक सुरक्षित निवेश के लिए गोल्ड और सरकारी बॉन्ड्स की ओर भागते नजर आए।

किन देशों पर लागू हुआ टैरिफ?

शुरुआती 10% टैरिफ जिन देशों पर लागू हुआ है, उनमें ऑस्ट्रेलिया, ब्रिटेन, कोलंबिया, अर्जेंटीना, मिस्र और सऊदी अरब जैसे देश शामिल हैं। हालांकि, एक US कस्टम्स एंड बॉर्डर प्रोटेक्शन बुलेटिन के मुताबिक, जो सामान 12:01 AM ET से पहले जहाज या विमान में लोड हो चुका है, उसे 27 मई तक पहुंचने की छूट दी गई है। इसके बाद वे भी 10% टैरिफ के दायरे में आ जाएंगे।

अगले सप्ताह से और बड़ा झटका

अगले सप्ताह से बुधवार को इसी समय से ट्रंप की 11% से लेकर 50% तक की ऊंची रेसिप्रोकल टैरिफ दरें लागू होंगी। यूरोपीय यूनियन के आयात पर 20% टैरिफ लगेगा, जबकि चीनी वस्तुओं पर 34% टैरिफ लगेगा, जिससे चीन पर ट्रंप के कुल नए शुल्क 54% हो जाएंगे। वियतनाम पर 46% टैरिफ लगाया गया है, हालांकि उसने ट्रंप से समझौते की बातचीत शुरू करने पर सहमति जताई है।

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