Shravan Mittal: भारती ग्रुप के अध्यक्ष सुनील भारती मित्तल के बेटे श्रवण भारती मित्तल संयुक्त अरब अमीरात(UAE) में शिफ्ट हो गए हैं। इससे पहले वो यूनाइटेड किंगडम में रहते थे। जानकारी के मुताबिक उन्होंने ये फैसला टैक्स में बचत के लिए उठाया हैं। ब्लूमबर्ग की रिपोर्ट के अनुसार इसकी पुष्टि हुई है। 37 वर्षीय श्रवण ने संयुक्त अरब अमीरात को अपना निवास स्थान बताया है। बता दें कि उनका अरबपति परिवार ब्रिटेन की सबसे बड़ी मोबाइल और ब्रॉडबैंड कंपनियों में से एक का 24.5% स्वामित्व रखता है। उन्होंने पिछले महीने लंदन बेस्ड अपने इन्वेस्टमेंट फर्म अनबाउंड की अबू धाबी में भी ब्रांच खोला।
ब्लूमबर्ग बिलियनेयर इंडेक्स के अनुसार, सुनील मित्तल एंड फैमिली की कुल संपत्ति 30.7 बिलियन डॉलर(2.56 लाख करोड़ रुपये) है। वो भारत के सबसे अमीर परिवारों में से एक हैं। श्रवण, सुनील मित्तल के तीन संतानों में से एक हैं।
अब जानिए श्रवण मित्तल के बारे में?
श्रवण भारती मित्तल ने हार्वर्ड बिजनेस स्कूल से मास्टर ऑफ बिजनेस एडमिनिस्ट्रेशन (MBA) की डिग्री ली हुई हैं जो उन्होंने 2012 और 2014 के बीच हासिल की। इससे पहले, उन्होंने 2005 से 2009 तक बाथ विश्वविद्यालय में अकाउंटिंग और फाइनेंस में बैचलर ऑफ साइंस (BSc) की पढ़ाई पूरी की, जहां उन्होंने बाथ एशियन स्टूडेंट सोसाइटी (बीएएसएस) के अध्यक्ष के तौर पर भी काम किया।
लंदन में जे.पी. मॉर्गन कैजेनोव में एक एनलिस्ट के तौर पर उन्होंने अपने कैरियर की शुरुआत की थी। उन्होंने जुलाई 2009 से जून 2010 तक काम किया। इसके बाद उन्होंने जून 2010 से अगस्त 2012 तक एयरटेल में प्रबंधक के रूप में काम किया, जहां उन्होंने अफ्रीका और भारत में परिचालन की देखरेख की। उन्होंने सितंबर 2014 से फरवरी 2014 तक बेटर कैपिटल एलएलपी में असिस्टेंट डायरेक्टर की भूमिका निभाई। इसके बाद मार्च 2016 से फरवरी 2017 तक सॉफ्टबैंक ग्रुप इंटरनेशनल में निवेशक के तौर पर शामिल हुए। मार्च 2017 में, वे भारती ग्लोबल लिमिटेड के प्रबंध निदेशक बने, जिस पद पर वे आज भी हैं। साथ ही, उन्होंने अक्टूबर 2017 में अनबाउंड की स्थापना की और इसके सीईओ के तौर पर फर्म का नेतृत्व करना जारी रखा।
संयुक्त अरब अमीरात की ओर रुख क्यों कर रहे हैं बिजनेसमैन
रिपोर्ट्स के मुताबिक, UAE में व्यक्तिगत आय पर कोई कर नहीं लगता है। वहां 375,000 AED तक की कर योग्य आय पर 0% और उससे ऊपर की आय पर 9% टैक्स लगता है। साथ ही स्पेशल इकनॉमिक जोन में 0% कॉर्पोरेट टैक्स भी लागू हो सकता है। वहीं यूनाइटेड किंगडम में एक प्रगतिशील कर प्रणाली लागू है। व्यक्तिगत आयकर की दरें 20% से शुरू होकर 45% तक जाती हैं, जो आय के स्तर पर निर्भर करती हैं। कॉर्पोरेट टैक्स की दरें 50,000 यूरो तक के मुनाफे के लिए 19% और 250,000 यूरो से अधिक के मुनाफे के लिए 25% तक होती हैं। दोनों देशों के टैक्स स्ट्रक्चर देखने से ये साफ है कि, आखिर क्यों बिजनेसमैन की पहली पसंद UAE बनता जा रहा है।