Air Pollution in Delhi-NCR: प्रदूषण के खतरनाक स्तर पर पहुंचने के बाद दिल्ली-NCR में सोमवार, 18 नवंबर से ग्रेडेड रिस्पांस एक्शन प्लान (GRAP) के तहत चरण-4 प्रतिबंध लगाने की घोषणा की गई है। इसके लिए विस्तृत रूप से कड़े प्रदूषण नियंत्रण उपायों की घोषणा की गई है। इस बीच, दिल्ली सरकार ने घोषणा की है कि राजधानी में बढ़ते प्रदूषण के स्तर को देखते हुए कक्षा 9 तक के सभी स्कूलों के छात्र सोमवार से अगली सूचना तक ऑनलाइन मोड में चलेंगे। हालांकि, कक्षा 10 से 12 तक के छात्रों के लिए फिजिकल क्लासेस सामान्य समय के अनुसार जारी रहेंगी।
दिल्ली की सीएम आतिशी ने खुद घोषणा करते हुए कहा 10वीं और 12वीं कक्षा के छात्रों को छोड़कर अन्य सभी के लिए फिजिकल क्लासेस स्थगित रहेंगी। यह घोषणा ऐसे समय में की गई है, जब लगातार पांचवें दिन भी दिल्ली में प्रदूषण का स्तर खतरनाक स्तर पर बना हुआ है।
यह घोषणा वायु गुणवत्ता प्रबंधन आयोग (CAQM) द्वारा GRAP-4 के चौथे चरण के तहत दिल्ली-राष्ट्रीय राजधानी क्षेत्र (Delhi-NCR) के लिए कड़े प्रदूषण नियंत्रण उपायों को लागू करने के कुछ घंटों बाद की गई। जीआरएपी का चौथा चरण सोमवार (18 नवंबर) सुबह आठ बजे से प्रभावी होगा।
मुख्यमंत्री आतिशी ने X पर एक पोस्ट में कहा, "कल से जीआरएपी-चार लागू होने के साथ ही कक्षा 10वीं और 12वीं के छात्रों को छोड़कर सभी छात्रों के लिए प्रत्यक्ष कक्षाएं स्थगित रहेंगी। सभी स्कूल अगले आदेश तक ऑनलाइन कक्षाएं आयोजित करेंगे।"
दिल्ली का एयर क्वालिटी इंडेक्स (AQI) रविवार को 'गंभीर' कैटेगरी में पहुंच गया। पीटीआई के मुताबिक, दिल्ली में AQI रविवार शाम चार बजे 441 दर्ज किया गया, जो प्रतिकूल मौसम के कारण शाम सात बजे तक बढ़कर 457 हो गया।
आदेश के मुताबिक, आवश्यक वस्तुओं को ले जाने वाले या क्लीन फ्यूल ( EVs / CNG / BS-VI डीजल/इलेक्ट्रिक) का उपयोग करने वाले ट्रकों को छोड़कर किसी भी ट्रक को दिल्ली में एंट्री करने की अनुमति नहीं दी जाएगी।
आदेश के अनुसार, इलेक्ट्रिक वाहनों, CNG गाड़ियों और BS-VI डीजल वाले वाहनों को छोड़कर दिल्ली के बाहर रजिस्टर्ड वाले हल्के कमर्शियल व्हीकल भी प्रतिबंध के दायरे में होंगे। आदेश के मुताबिक, हाईवे, सड़क, फ्लाईओवर और अन्य सार्वजनिक परियोजनाओं सहित सभी निर्माण गतिविधियों पर अस्थायी रोक रहेगी।
CAQM ने कक्षा 6 से 9 और कक्षा 11 के छात्रों के लिए ऑनलाइन कक्षाएं आयोजित करने का सुझाव दिया है। इसने यह भी सिफारिश की कि राष्ट्रीय राजधानी क्षेत्र में ऑफिस 50 प्रतिशत क्षमता के साथ काम करें, जबकि बाकी कर्मचारी घर से ही काम करें।
समिति ने कहा कि केंद्र सरकार के कर्मचारियों के लिए घर से काम (वर्क फ्रॉम होम) करने का विकल्प पेश किया जा सकता है। इसने कहा कि राज्य सरकारें कॉलेज बंद करने, गैर-जरूरी व्यावसायिक गतिविधियों को सीमित करने और वाहनों के लिए सम-विषम नियम लागू करने का भी निर्णय ले सकती हैं।
शून्य से 50 के बीच AQI 'अच्छा', 51 से 100 के बीच 'संतोषजनक', 101 से 200 के बीच 'मध्यम', 201 से 300 के बीच 'खराब', 301 से 400 के बीच 'बेहद खराब' और 401 से 500 के बीच 'गंभीर' माना जाता है।