Rice Export Ban: मानसून की खराब चाल के चलते इस साल भारत में धान की खेती प्रभावित हुई है और धान के रकबे में गिरावट आई है। भारत दुनिया में चावल का सबसे बड़ा निर्यातक है यानी कि यहां अगर धान की खेती प्रभावित होती है तो इसका असर पूरी दुनिया पर दिख सकता है। नोमुरा ने 30 अगस्त को आशंका जताई है कि इस सत्र में धान के रकबे में गिरावट के चलते भारत चावल का निर्यात रोक सकता है। भारत अगर ऐसा फैसला करता है तो इसके असर का अंदाजा इससे लगा सकते हैं कि वैश्विक चावल निर्यात का करीब 40 फीसदी भारत से होता है। गेहूं का भी उत्पादन इस साल प्रभावित हुआ था जिसके चलते चावल की खपत पर इस बार असर दिख सकता है और आने वाले समय में यह महंगा हो सकता है।
