केंद्र सरकार ने पहली बार सूचना प्रौद्योगिकी (Intermediary Guidelines and Digital Media Ethics Code) नियम, 2021 के आपातकालीन प्रावधानों को लागू करते हुए "भारत विरोधी सामग्री" दिखाने के कारण दो न्यूज वेबसाइटों और 20 YouTube चैनलों पर प्रतिबंध लगा दिया है।
टाइम्स ऑफ इंडिया की रिपोर्ट के मुताबिक केंद्रीय मंत्रालय ने दूरसंचार विभाग और YouTube को उन वेबसाइटों और YouTube चैनलों को ब्लॉक करने का निर्देश दिया, जो "हानिकारक, नकली और भारत विरोधी" सामग्री दिखाते पाए गए थे।
रिपोर्ट के अनुसार ये सामग्री "ईशनिंदा" से लेकर "भारत की सुरक्षा और संप्रभुता को स्पष्ट रूप से प्रभावित करने वाली" है। रिपोर्ट में कहा गया है कि सामग्री का स्रोत पाकिस्तान और इसकी इंटर-सर्विसेज इंटेलिजेंस है।
रिपोर्ट के मुताबिक जिन पोर्टलों को ब्लॉक करने का आदेश दिया गया है उनमें से एक की पहचान 'नया पाकिस्तान ग्रुप' के रूप में की गई है, जो 15 से अधिक यूट्यूब चैनल चलाता है। इसमें 'पीएम मोदी ने कश्मीर में हार मान ली' ; अनुच्छेद 370 बहाल', 'तालिबान सेना भारत आने के लिए काबुल से निकली', 'Taiyyap Erdogan ने कश्मीर के लिए 35,000 सैनिकों को भेजा', और 'तुर्क सेना बदला लेने के लिए अयोध्या राम मंदिर में घुसी' जैसे दावों के साथ प्रसारण किये जाने का आरोप लगाया गया है और इस ग्रुप के प्लेटफार्मों पर 10 लाख सब्सक्राइबर हैं।
मंत्रालय ने सामग्री को "भारत में अशांति बोने के ठोस प्रयास" के रूप में देखा। इसने आईटी नियमों की धारा 16 को लागू करते हुए प्रचारक सामग्री को हटाने का आदेश दिया।
रिपोर्ट में कहा गया है कि YouTube के भारत और दुनिया भर के कार्यालयों को इस आदेश की जानकारी दी गई है जबकि वीडियो-शेयरिंग दिग्गज कंपनी ने इसका अनुपालन करने की पुष्टि की है और रिपोर्ट के अनुसार चैनलों को 1 से 2 दिनों के भीतर ब्लॉक किये जाने की संभावना है।