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Atiq-Ashraf Murder: अतीक-अशरफ की हत्या करने वाले शूटरों का कौन है गॉडफादर? यूपी पुलिस को मिले अहम सबूत

अतीक और अशरफ को 15 अप्रैल की रात को पत्रकार बनकर आए तीन शूटरों ने उस वक्त नजदीक से गोली मार दी थी, जब वे मेडिकल जांच के लिए प्रयागराज के एक मेडिकल कॉलेज में पुलिसकर्मियों द्वारा ले जाए जाते समय पत्रकारों के सवालों का जवाब दे रहे थे। दोनों भाइयों की हत्या से पहले अतीक के बेटे असद के शव को दफनाया गया था। असद और उसके एक साथी की 13 अप्रैल को झांसी में पुलिस एनकाउंटर में मौत हो गई थी

Curated By: Akhileshअपडेटेड Apr 18, 2023 पर 2:38 PM
Atiq-Ashraf Murder: अतीक-अशरफ की हत्या करने वाले शूटरों का कौन है गॉडफादर? यूपी पुलिस को मिले अहम सबूत
Atiq-Ashraf Murder: सूत्रों का कहना है कि लवलेश तिवारी और मोहित उर्फ सनी संभवत: पहली बार 2021 में बांदा जिला जेल में विचाराधीन कैदी के रूप में मिले थे

माफिया डॉन से नेता बने अतीक अहमद (Atiq Ahmed) और उनके भाई अशरफ (Ashraf) की पुलिस कस्टडी में हुई सनसनीखेज हत्या के बाद उत्तर प्रदेश पुलिस तीनों हमलावरों के गॉडफादर की तलाश में है। तीन आरोपियों को सोमवार को प्रयागराज की केंद्रीय जेल से प्रतापगढ़ जिला कारागार में शिफ्ट कर दिया गया। पुलिस के एक वरिष्ठ अधिकारी ने बताया कि हमीरपुर के मोहित उर्फ सनी सिंह (23), बांदा के लवलेश तिवारी (22) और कासगंज के अरुण कुमार मौर्य (18) को प्रशासनिक आधार पर प्रयागराज की केंद्रीय कारागार से जिला जेल प्रतापगढ़ शिफ्ट किया गया है।

यूपी पुलिस के सूत्रों का कहना है कि लवलेश तिवारी और मोहित उर्फ सनी सिंह संभवत: पहली बार 2021 में बांदा जिला जेल में विचाराधीन कैदी के रूप में मिले थे। लवलेश को प्रोटेक्शन ऑफ चिल्ड्रन फ्रॉम सेक्सुअल ऑफेंस (POCSO) एक्ट के तहत गिरफ्तार किया गया था, जबकि मोहित आर्म्स एक्ट के तहत जेल गया था। 2021 के आखिर में जमानत पर छूटने के बाद दोनों संपर्क में रहे और प्रयागराज आ गए। यहां उन्होंने मिशन को पूरा करने के लिए छोटे-मोटे काम भी किए। हमलावर सनी एक पेशेवर अपराधी है। हमीरपुर जिले के कुरारा थाने में उसके खिलाफ मामले दर्ज हैं।

सनी के खिलाफ लूट और हत्या के प्रयास समेत कुल 14 मामले दर्ज हैं। पुलिस के अनुसार लवलेश तिवारी के खिलाफ शहर में अवैध शराब बेचने, छेड़छाड़ और महिलाओं को परेशान करने के मामले दर्ज हैं। सूत्रों का कहना है कि तीसरा हमलावर अरुण मौर्य एक छोटे से अपराध में हरियाणा की पानीपत जेल में बंद था। अभी भी यह स्पष्ट नहीं है कि वह कब और किस उद्देश्य से प्रयागराज गया था। यूपी पुलिस के सूत्रों का कहना है कि यह अभी भी स्पष्ट नहीं है कि लवलेश और मोहित, अरुण के संपर्क में कब और कैसे आए।

कौन है गॉडफादर?

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