Dry fruits: होली का त्योहार नजदीक आ गया है। ऐसे में अपने घरों में कई तरह के पकवान बनाए जाते हैं। खासतौर से गुझिया जैसे अन्य पकवान बनाने में ड्राई फ्रूट्स का इस्तेमाल किया जाता है। कई बार स्पेशल डिश को सजाने के लिए ड्राई फ्रूट का इस्तेमाल किया जाता है। ऐसे में होली के इस मौके पर आप भी बाजार से ड्राई फ्रूट्स की खरीदारी कर रहे होंगे। लिहाजा नकली ड्राई फ्रूट्स खरीदने से बचना चाहिए। बाजार में अब ड्राई फ्रूट्स (dry fruits) को कपड़ों में किया जाना वाला कलर में इस्तेमाल होने लगा है। ऐसे ड्राई फ्रूट्स सेहत के लिए दुश्मन है।
ड्राई फ्रूट्स एड करने से ना सिर्फ खाने की चीजों का स्वाद दोगुना हो जाता है। बल्कि पोषक तत्वों से भरपूर ड्राई फ्रूट्स सेहत के लिए भी बेहद फायदेमंद होते हैं। जबकि नकली ड्राई फ्रूट्स खाने से सेहत के लिए नुकसानदायक हो सकते हैं। ऐसे में असली और नकली की पहचान करना बहुत जरूरी है।
असली और नकली ड्राई फ्रूट्स के रंग और स्वाद में काफी अंतर होता है। असली ड्राई फ्रूट्स के मुकाबले नकली ड्राई फ्रूट्स का कलर डार्क रहता है। वहीं नकली ड्राई फ्रूट्स खाने में भी हल्का कड़वा लगता है। ऐसे में आप कलर और टेस्ट की मदद से असली और नकली ड्राई फ्रूट्स की पहचान कर सकते हैं। ऐसे ही नकली बादाम का रंग असली से थोड़ा ज्यादा डार्क दिखाई देता है। साथ ही उसका स्वाद भी हल्का कड़वा होता है। बादाम की पहचान करने का एक तरीका ये है कि आप इसे खरीदते समय इसे अपनी हथेली पर रखने के बाद 5 से 10 मिनट के लिए रगड़ें। अगर रगड़ने के दौरान आपके हाथ में गेरुआ रंग रह जाए, तो समझ जाएं कि ये बादाम निकली है और उसमें मिलावट की गई है।
अंजीर और पिस्ता खरीदते समय आप इसे चबाकर चेक कर सकते हैं। असली अंजीर और पिस्ता खाने में सॉफ्ट होता है। वहीं अंजीर या पिस्ता काफी हार्ड होने पर समझ जाएं कि ये नकली है।
रंग और स्मैल से आप असली और नकली काजू की पहचान कर सकते हैं। सफेद और मटमैले रंग के काजू पूरी तरह से प्योर होते हैं। वहीं तेल की महक आने या पीलापन होने पर समझ जाएं कि काजू नकली और पुराना है।
किशमिश की कैसे करें पहचान ?
नकली किशमिश में मिठास लाने के लिए इसमें चीनी मिलाई जाती है। ऐसे में किशमिश खरीदते समय पानी की बूंद दिखने या नमी होने पर समझ जाएं कि ये नकली है। वहीं नकली किशमिश को हाथों पर रगड़ने से पीला रंग छूटता है। इसके अलावा नकली किशमिश को सूंघने पर सल्फर जैसी गंध आती है।
बादाम को ब्रांडेड दिखाने के लिए कुछ लोग इस पर कलर कोटिंग कर देते हैं. ऐसे में बादाम खरीदते समय इसे हाथों से रगड़ें. वहीं गेरुआ रंग छूटने पर समझ जाएं कि बादाम में मिलावट हुई है.