सोशल मीडिया (Social Media) पर एक पुलिसकर्मी का एक वीडियो काफी वायरल हो रहा है और उस यूजर्स उसके व्यवहार पर नाराजगी जता रहे हैं और निंदा भी कर रहे हैं, क्यों कि ये पुलिसवाला सोते हुए यात्रियों को उठाने के लिए उन के ऊपर पानी डाल रहा है। कई लोग इसे पुलिस की मनमानी का उदाहरण मानते हैं। ये वीडियो पुणे रेलवे स्टेशन (Pune Railway Station) का बताया जा रहा है, जिसमें पुलिसकर्मी प्लेटफॉर्म के फर्श पर सो रहे लोगों को जगाने के लिए पानी की बोतल का इस्तेमाल करते देखा गया था।
Twiiter पर शेयर किए गए फुटेज में पुलिसकर्मी को स्विगी एजेंट, एक बुजुर्ग व्यक्ति और दूसरे यात्रियों पर पानी छिड़कते हुए दिखाया गया है, जो प्लेटफॉर्म पर एक लाइन में सो रहे थे। वीडियो में दिखाया गया है कि स्विगी डिलीवरी एजेंट और बुजुर्ग व्यक्ति दोनों जाग गए।
वीडियो को ट्विटर पर 27 लाख से ज्यादा बार देखा गया है, जहां कई लोगों ने सोते हुए यात्रियों के साथ "अमानवीय" और "निर्दयी" व्यवहार के लिए पुलिसकर्मी की आलोचना की।
दूसरी ओर, ऐसे कई लोग थे जिन्होंने कहा कि पुलिस का तरीका सही था, क्योंकि प्लेटफॉर्म पर सोने से दूसरे यात्रियों को परेशानी होती है।
पुणे मंडल के मंडल रेल प्रबंधक (DRM) इंदु दुबे ने घटना पर ध्यान दिया और माना कि स्थिति को सही तरीक से नहीं संभाला गया। उन्होंने कहा कि वीडियो में दिख रहे पुलिसकर्मी को संवेदनशीलता की ट्रेनिंग मिली है और इस घटना पर "गहरा अफसोस है।"
दुबे ने ट्वीट किया, “प्लेटफॉर्म पर सोने से दूसरों को असुविधा होती है, लेकिन जिस तरह से इससे निपटा गया वह यात्रियों को सलाह देने का उपयुक्त तरीका नहीं है। संबंधित कर्मचारियों को यात्रियों के साथ गरिमा, विनम्रता और शालीनता से पेश आने की उचित सलाह दी गई है। इस घटना पर गहरा अफसोस है।"