Shivaji Maharaj Statue Collapse: महाराष्ट्र में शिवाजी महाराज की 35 फुट ऊंची प्रतिमा ढही, पीएम मोदी ने दिसंबर में किया था अनावरण, FIR दर्ज

Shivaji Maharaj Statue Collapse: महाराष्ट्र के सिंधुदुर्ग जिले में भारी बारिश और तूफान के कारण छत्रपति शिवाजी महाराज की 35 फीट ऊंची प्रतिमा गिरने के बाद राज्य में राजनीतिक आरोप-प्रत्यारोप का दौर शुरू हो गया है। प्रतिमा का अनावरण प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने दिसंबर 2023 में किया था। विपक्ष अब सत्तारूढ़ गठबंधन पर भ्रष्टाचार का आरोप लगा रहा है

अपडेटेड Aug 27, 2024 पर 11:34 AM
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Shivaji Maharaj Statue Collapse: शिवाजी महाराज की प्रतिमा का अनावरण प्रधानमंत्री मोदी ने दिसंबर 2023 में किया था

Shivaji Maharaj Statue Collapse: महाराष्ट्र के सिंधुदुर्ग जिले में स्थित राजकोट किले में सोमवार (26 अगस्त) को मराठा शासक छत्रपति शिवाजी महाराज की 35 फुट ऊंची प्रतिमा ढह गई। इस भव्य प्रतिमा का अनावरण प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने 4 दिसंबर, 2023 को भारतीय नौसेना दिवस के अवसर पर किया था। वह किले में आयोजित समारोहों में भी शामिल हुए थे। घटना के बाद विपक्षी दलों ने राज्य सरकार की आलोचना की। उन्होंने आरोप लगाया कि काम की गुणवत्ता पर कम ध्यान दिया गया था। एक अधिकारी ने बताया कि प्रतिमा मालवन स्थित राजकोट किले में सोमवार दोपहर करीब एक बजे ढही।

उन्होंने बताया कि एक्सपर्ट प्रतिमा के ढहने के वास्तविक कारण का पता लगाएंगे। हालांकि, उन्होंने कहा कि जिले में बीते दो-तीन दिनों में भारी बारिश हुई है और तेज हवाएं चली हैं। पुलिस और जिला प्रशासन के वरिष्ठ अधिकारी स्थिति का जायजा लेने के लिए मौके पर पहुंचे और क्षति का अनुमान लगाया जा रहा है। इस घटना में दो लोगों के खिलाफ एफआईआर दर्ज की गई है। मालवण पुलिस ने मेसर्स आर्टिस्ट कंपनी के मालिक जयदीप आप्टे और स्ट्रक्चरल कंसल्टेंट चेतन पाटिल के खिलाफ मामला दर्ज किया है।

विपक्षी दलों ने की आलोचना


NCP (शरद पवार) के प्रदेश अध्यक्ष एवं पूर्व मंत्री जयंत पाटिल ने कहा, :राज्य सरकार इस घटना के लिए जिम्मेदार है क्योंकि उसने उचित देखरेख नहीं की। सरकार ने काम की गुणवत्ता पर बहुत कम ध्यान दिया। इसने केवल कार्यक्रम आयोजित करने पर ध्यान केंद्रित किया, जिसमें प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी को प्रतिमा का अनावरण करने के लिए आमंत्रित किया गया।" उन्होंने कहा कि मौजूदा महाराष्ट्र सरकार केवल नयी निविदा जारी करती है, कमीशन लेती है और उसके अनुसार ठेके देती है।

शिवसेना (UBT) विधायक वैभव नाइक ने भी काम की कथित खराब गुणवत्ता के लिए राज्य सरकार की आलोचना की। उन्होंने कहा कि राज्य सरकार जिम्मेदारी से बचने की कोशिश कर सकती है। प्रतिमा के निर्माण और स्थापना के लिए जिम्मेदार लोगों से पूछताछ होनी चाहिए।

महाराष्ट्र के मंत्री दीपक केसरकर ने कहा, "मुझे घटना के बारे में पूरी जानकारी नहीं है। हालांकि, पीडब्ल्यूडी मंत्री रवींद्र चव्हाण ने कहा है कि मामले की विस्तृत जांच की जाएगी।" उन्होंने कहा, "हम उसी स्थान पर एक नई प्रतिमा स्थापित करने के लिए प्रतिबद्ध हैं। हम मामले को तुरंत और प्रभावी ढंग से हल करने के लिए सभी आवश्यक कदम उठाएंगे।"

इंडियन नेवी ने शुरू की जांच

भारतीय नौसेना ने महाराष्ट्र के सिंधुदुर्ग में छत्रपति शिवाजी महाराज की एक प्रतिमा ढहने की घटना की जांच के आदेश दिए हैं। नौसेना ने देर रात जारी एक बयान में कहा कि उसने "दुर्भाग्यपूर्ण घटना" के कारणों की तुरंत जांच और जल्द से जल्द प्रतिमा की मरम्मत एवं पुनर्स्थापना के लिए कदम उठाने की खातिर एक टीम तैनात की है।

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बयान में कहा गया है, "भारतीय नौसेना सिंधुदुर्ग के निवासियों को 4 दिसंबर, 2023 को नौसेना दिवस पर समर्पित छत्रपति शिवाजी महाराज की प्रतिमा की क्षति पर गहरी चिंता व्यक्त करती है।" बयान में कहा गया है, "नौसेना ने राज्य सरकार और संबंधित विशेषज्ञों के साथ, इस दुर्भाग्यपूर्ण घटना के कारण की तत्काल जांच करने और जल्द से जल्द प्रतिमा की मरम्मत और पुनर्स्थापना के लिए कदम उठाने की खातिर एक टीम तैनात की है।"

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