इन दिनों 7 फीट की लौकी सोशल मीडिया और उत्तर प्रदेश के बहराइच जिले में सुर्खियां बटोर रही है। हर कोई इस 7 फीट की लौकी को देखकर हैरान हो रहा है। दरअसल, जिले के किसान जियाउल हक ने यह लौकी उगाई है। वो प्राकृतिक तरीके से खेती करते हैं। उनके इस सफलता पर जिला अधिकारी भी किसान जियाउल हक को सम्मानित कर चुके हैं। आमतौर पर लौकी 1 फीट से डेढ़ फीट की होती है। लेकि जियाउल हक ने लौकी उगाकर कमाल कर दिया। जियाउल हक एक किसान परिवार से आते हैं।
जियाउल हक के दादा-परदादा भी खेती करते थे। उन्होंने बताया कि यह लौकी आचार्य नरेंद्र किसी विश्वविद्यालय अयोध्या की प्रजाति है। इसके बीज उन्हें ट्रायल के लिए कृषि विज्ञान केंद्र से दिए गए थे।
किसान को मिल चुका है मिलेनियम फार्मर ऑफ इंडिया अवार्ड
बहराइच के किसान जियाउल हक को मिलेनियम फार्मर ऑफ इंडिया अवार्ड मिल चुका है। जियाउल हक को पूरे जिले में पहचान मिल गई है। हर कोई उनसे प्रेरणा लेना चाह रहा है। किसान जियाउल हक ने लोकल 18 से बताचीत करते हुए कहा कि कृषि विज्ञान केंद्र के डॉक्टर नंदन सिंह से बीज मिलने के बाद उन्होंने उसकी बुवाई कराने में मदद की। इसमें प्राकृतिक खाद, जैसे जीवामृत, गंजिव, अमृत, निमास्त्र, और ब्रह्मास्त्र का स्प्रे कराया। इसकी अच्छी तरह से देखभाल की गई। इसका नतीजा यह हुआ कि एक पेड़ में करीब 40 बड़ी-बड़ी लौकियां उग आईं। 7 फीट इस लंबी लौकी को देखकर हर कोई हैरान रह गया है। लौकी को देखने वालों की लाइन लगी रहती है।
जिला अधिकारी ने किसान को किया सम्मानित
7 फीट लंबी लौकी के बारे में जब जिला अधिकारी और मुख्य विकास अधिकारी को जानकारी मिली तो वो भी हैरान रह गए। उन्होंने किसान जियाउल हक को सम्मानित किया और प्रोत्साहन देकर खूब सराहना की। फिलहाल किसान जियाउल हक अपनी खेती की मेहनत से बेहद खुश हैं और वो साथ में बकरी, मछली और गाय पालन का भी काम करते हैं।
लौकी एक बेहद स्वादिष्ट और हेल्दी सब्जी है। पोषक तत्वों से भरपूर होने के कारण ये सेहत के लिए बहुत फायदेमंद होती है। इसमें विटामिन-c, आयरन, फाइबर, पोटैशियम, कैल्शियम, फास्फोरस और एंटीऑक्सीडेंट जैसे पोषक तत्व भरपूर मात्रा में पाए जाते हैं। शरीर को कई बीमारियों से बचाने में लौकी काफी मददगार होती है। लौकी के सेवन से वजन घटाने से लेकर डायबिटीज को कंट्रोल करने तक में मदद मिलती है। इसके सेवन से पाचन तंत्र दुरुस्त रहता है।