लखनऊ में खुले में शराब पीने से रोकना दरोगाओं को भारी पड़ गया, जब नशे में धुत युवकों ने उन पर हमला कर दिया। पकरी पुल के पास हुई इस घटना में हमलावरों ने पुलिसकर्मियों को घूंसों और डंडों से पीटा, जिससे वे घायल हो गए। मामला बढ़ता देख पुलिस ने आठ में से पांच आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया, जबकि तीन को पहले ही हिरासत में लिया जा चुका था। गिरफ्तारी के बाद भी बदमाशों की गुंडागर्दी जारी रही मेडिकल जांच के दौरान उन्होंने अस्पताल में धक्का-मुक्की और हंगामा किया। अब फरार दो आरोपियों की तलाश तेज कर दी गई है।
पुलिस ने साफ कर दिया है कि हमलावरों पर गैंगस्टर एक्ट लगेगा और उन्हें किसी भी कीमत पर बख्शा नहीं जाएगा। इस घटना ने साबित कर दिया है कि अब कानून तोड़ने वालों के लिए लखनऊ में कोई जगह नहीं।
गिरफ्तारी का सिलसिला जारी
रविवार को पकरी पुल के पास खुले में शराब पी रहे युवकों का विरोध करने पर दो दरोगाओं पर हमला हुआ था। इस मामले में पांच और आरोपियों को कृष्णानगर पुलिस ने सोमवार को गिरफ्तार कर लिया। इससे पहले, पुलिस ने तीन अन्य हमलावरों को रविवार को ही गिरफ्तार कर लिया था।
अस्पताल में भी किया हंगामा
गिरफ्तारी के बाद जब पुलिस लोकबंधु अस्पताल में मेडिकल जांच के लिए आरोपियों को लेकर गई, तो वहां भी उन्होंने धक्का-मुक्की और हंगामा किया। हालात बिगड़ने पर थाने से अतिरिक्त पुलिस बल बुलाया गया, जिसके बाद हालात काबू में आए और मेडिकल जांच पूरी कराई गई।
फरार आरोपियों की तलाश जारी
गिरफ्तार किए गए आरोपियों में शिखर, संतोष, अमन, सौरभ और मयंक शामिल हैं। शिखर और बेबी शर्मा अब भी फरार हैं। पुलिस उनकी तलाश में लगातार दबिश दे रही है।
रविवार को पकरी पुल के पास कुछ लोग खुले में शराब पी रहे थे। उसी समय वहां से गुजर रहे चौकी प्रभारी ब्रजेश कुमार चौधरी और दरोगा शिशुपाल ने उन्हें रोकने की कोशिश की। इस पर शराब पी रहे लोगों ने गाली-गलौज शुरू कर दी, जो बाद में हिंसा में बदल गई। हमलावरों ने घूंसे और डंडों से दोनों पुलिसकर्मियों की पिटाई कर दी, जिससे वे घायल हो गए।
इंस्पेक्टर पीके सिंह ने बताया कि सभी आरोपियों पर मामला दर्ज कर लिया गया है और फरार आरोपियों की जल्द गिरफ्तारी के लिए टीमें लगातार काम कर रही हैं। इसके अलावा, हमलावरों के खिलाफ गैंगस्टर एक्ट के तहत भी कार्रवाई की जाएगी।