Divgi TorqTransfer Systems IPO Subscription: ऑटो कंपोनेंट्स बनाने वाली कंपनी दिवगी टॉर्कट्रांसफर सिस्टम्स के आईपीओ सब्सक्रिप्शन का आज दूसरा दिन था। इस इश्यू को लेकर सबसे अधिक रुझान खुदरा निवेशकों का दिखा है। उनके लिए आरक्षित हिस्सा 1.56 गुना सब्सक्राइब हो गया है। हालांकि ओवरऑल यह इश्यू महज 38 फीसदी ही सब्सक्राइब हुआ है। दिवगी टॉर्कट्रांसफर के 412 करोड़ रुपये के आईपीओ का प्राइस बैंड 560-590 रुपये है। आइए जानते हैं कि अलग-अलग कैटेगरी में इस आईपीओ को कितना सब्सक्रिप्शन मिला है।
कैटेगरीवाइज सब्सक्रिप्शन स्टेटस
क्वालिफाईड इंस्टीट्यूशनल बॉयर्स (QIB)- 6 फीसदी
(सोर्स: BSE, 02 Mar 2023 | 5:00:00 PM)
ग्रे मार्केट की बात करें तो शेयरों की हालत बेहतर दिख रही है और यह अपर प्राइस बैंड के हिसाब से 70 रुपये के भाव पर ट्रेड कर रहा है। इस हिसाब से इसके 660 रुपये के भाव पर लिस्ट होने की उम्मीद है। यानी निवेशकों को 11.8 फीसदी का मुनाफा हो सकता है। हालांकि मार्केट एक्सपर्ट्स के मुताबिक ग्रे मार्केट से मिले संकेतों की बजाय कंपनी के फंडामेंटल्स और फाइनेंशियल्स के हिसाब से निवेश का फैसला लेना चाहिए।
Divgi TorqTransfer Systems IPO की डिटेल्स
दिवगी टॉर्कट्रांसफर का 412 करोड़ रुपये का आईपीओ 1 मार्च-3 मार्च तक खुला है। इस इश्यू के तहत 5 रुपये की फेस वैल्यू वाले 180 करोड़ रुपये के नए शेयर जारी होंगे। एंकर निवेशकों से कंपनी ने 185.45 करोड़ रुपये जुटाए हैं। अब इस इश्यू के तहत निवेशक 560-590 रुपये के प्राइस बैंड और 25 शेयरों के लॉट में पैसे लगा सकते हैं। इश्यू का 75 फीसदी हिस्सा क्यूआईबी, 15 फीसदी एनआईआई और खुदरा निवेशकों के लिए 10 फीसदी आरक्षित है।
आईपीओ की सफलता के बाद शेयरों का अलॉटमेंट 9 मार्च को फाइनल होगा और बीएसई-एनएसई पर लिस्टिंग 14 मार्च को है। नए शेयरों को जारी कर जुटाए गए पैसों का इस्तेमाल कंपनी प्लांट के लिए इक्विपमेंट और मशीनरी खरीदने में और आम कॉरपोरेट उद्देश्यों में करेगी।
कंपनी के बारे में डिटेल्स
दिवगी टॉर्कट्रांसफर गाड़ियों के पार्ट्स बनाती है। यह उन कुछ कंपनियों में शुमार है जिसके पास सिस्टम लेवल के ट्रांसफर केसेज, टॉर्क कपलर और डुएल-क्लच ऑटोमैटिक ट्रांसमिशन सॉल्यूशंस को डेवलप करने और प्रोवाइड करने की क्षमता है। टॉर्क कपलर बनाने वाली तो यह देश की इकलौती कंपनी है। ट्रांसफर केसेज का निर्यात करने वाली भी यह देश की इकलौती कंपनी है।
कंपनी के वित्तीय सेहत की बात करें तो इसका मुनाफा लगातार बढ़ा है। वित्त वर्ष 2020 में इसका शुद्ध मुनाफा 28.04 करोड़ रुपये था जो अगले वित्त वर्ष 2021 में बढ़कर 38.04 करोड़ रुपये और फिर अगले वित्त वर्ष 2022 में 46.15 करोड़ रुपये पर पहुंच गया। चालू वित्त वर्ष 2022-23 में शुरुआती छह महीने अप्रैल-सितंबर 2022 में इसे 25.66 करोड़ रुपये का नेट प्रॉफिट हासिल हुआ है।