LIC IPO : भारतीय जीवन बीमा निगम (Life Insurance Corporation) यानी एलआईसी का बहुप्रतीक्षित IPO इस साल आने जा रहा है। इस सप्ताह के अंत तक एलआईसी के आईपीओ के लॉन्च की तारीख से संबंधित फैसला होने का अनुमान है। स्टॉक मार्केट में उतार-चढ़ाव के चलते आईपीओ की लॉन्चिंग को कुछ समय के लिए दिया गया था।
हालांकि, इनवेस्टर्स IPO की संभावनाओं को लेकर खासे उत्साहित हैं। उम्मीद है कि इसमें इनवेस्टर्स को अच्छा रिटर्न मिल सकता है। अगर आपकी LIC IPO में निवेश की योजना है और आप बेसब्री से इसका इंतजार कर रहे हैं तो आपके लिए ये 5 बातें जानना जरूरी है।
1. LIC के शेयरों के लिए इनवेस्टर या एक पॉलिसीहोल्डर के रूप में अप्लाई किया जा सकता है। हालांकि, इसके लिए पॉलिसी के साथ पैन कार्ड लिंक होना जरूरी है। एलआईसी ने अपने सभी पॉलिसीहोल्डर्स से अपने पैन कार्ड्स (PAN cards) को पॉलिसी के साथ 28 फरवरी तक लिंक कराने के लिए कहा था। LIC ने इश्यू साइज का 10 फीसदी अपने पॉलिसीहोल्डर्स के लिए रिजर्व किया था। कंपनी के कर्मचारियों के लिए 5 फीसदी कोटा तय किया गया है।
2. सभी पॉलिसीहोल्डर्स जो सरेंडर, मैच्योरिटी या मृत्यु के चलते एलआईसी के रिकॉर्ड से बाहर नहीं हुए हैं, वे इस शेयर सेल में भाग लेने के लिए इलिजिबल हैं।
3. पॉलिसीहोल्डर्स रिजर्वेशन पोर्शन (Policyholder Reservation Portion) के तहत अप्लाई करने वाले लोगों को एप्लिकेशन सपोर्टेड बाई ब्लॉक्ड अमाउंट (ASBA) और UPI रूट के जरिये आवेदन करना होगा। एक इलिजिबल पॉलिसीहोल्डर को डिस्काउंट के बाद अधिकतम 2 लाख रुपये तक के शेयर आवंटित किए जा सकते हैं।
4. यदि किसी के पास LIC policy नहीं है तो वह रिटेल कैटेगरी के तह शेयर सेल में भाग ले सकता है।
5. इसमें कोई लॉक-इन पीरियड नहीं है और पॉलिसीहोल्डर्स लिस्टिंग के दिन ही शेयर बेचने के लिए स्वतंत्र है।
3.16 करोड़ से ज्यादा शेयर होने हैं जारी
इस साल 13 फरवरी को, सरकार ने रेगुलेटर को ड्राफ्ट पेपर सौंपे थे। समय से IPO नहीं लाने की स्थिति में सरकार को 12 मई को SEBI को फिर से ड्राफ्ट पेपर फाइल करने होंगे। एलआईसी के 28 करोड़ पॉलिसीहोल्डर्स हैं और उसके पास 34.3 लाख करोड़ रुपये का फंड है। LIC के ड्राफ्ट पेपर के मुताबिक, 3.16 करोड़ से ज्यादा शेयरों की पेशकश की जानी है।