LIC IPO: देश की सबसे बड़ी बीमा कंपनी LIC का इश्यू इस साल 31 मार्च से पहले आ सकता है। ऐसे में कंपनी रेगुलेटरी शर्तों को पूरा करने की कोशिश में लगी है। इश्यू लाने की प्रक्रिया चल रही है। ऐसे में कॉरपोरेट गवर्नेंस के नियमों को पूरा करने के लिए LIC ने पिछले महीने 6 इंडिपेंडेंट डायरेक्टर्स को बोर्ड में नियुक्त किया है।
LIC ने पूर्व फाइनेंशियल सर्विसेज सेक्रेटरी अंजली चिब दुग्गल, पूर्व सेबी मेंबर जी महालिंगम, SBI Life के पूर्व मैनेजिंग डायरेक्टर संजीव नौटियाल शामिल हैं। इनके अलावा चार्टर्ड अकाउंटेंटे MP विजय कुमार, राज कमल और वीएस पार्थसारथी को LIC के बोर्ड में शामिल किया है।
बोर्ड में 6 मेंबर शामिल होने के बाद इंडिपेंडेंट डायरेक्टर्स की संख्या बढ़कर 9 हो गई है। IPO के लिए सेबी में ड्राफ्ट रेड हेरिंग प्रॉस्पेक्ट्स (DRHP) जमा करने के लिए कॉरपोरेट गवर्नेंस के नियमों को पूरा करना जरूरी है।
डिपार्टमेंट ऑफ इनवेस्टमेंट एंड पब्लिक एसेट मैनेजमेंट (DIPAM) के सेक्रेटरी तुहीन कांत पांडे ने कहा था कि कंपनी इसी हफ्ते इश्यू के लिए सेबी को आवेदन जमा करने वाली है। सेबी की अनुमति मिलने के बाद कंपनी का इश्यू मार्च 2022 में आएगा।
LIC के इश्यू का 10% हिस्सा पॉलिसीहोल्डर्स के लिए रिजर्व होगा। LIC की लिस्टिंग से मौजूदा फिस्कल ईयर में 78,000 करोड़ रुपए की आमदनी होगी। अभी तक केंद्र सरकार को एयर इंडिया और दूसरी सरकारी कंपनियों में हिस्सेदारी बेचकर 12,000 करोड़ रुपए की आमदनी हुई है।