Flipkart IPO: टल सकती है ​ई-कॉमर्स कंपनी की लिस्टिंग, वॉलमार्ट बोली- इस FY मुनाफे पर करो फोकस

Flipkart IPO: यह फैसला, वॉलमार्ट के CEO और प्रेसिडेंट जॉन फर्नेर की पिछले हफ्ते बेंगलुरु यात्रा के दौरान लिया गया था। वॉलमार्ट के लिए, PhonePe के बाद फ्लिपकार्ट दूसरा भारतीय IPO है जिसमें देरी हुई है। वॉलमार्ट ने 2018 में फ्लिपकार्ट को 16 अरब डॉलर में खरीदा था

अपडेटेड May 15, 2026 पर 1:03 PM
Story continues below Advertisement

ई-कॉमर्स कंपनी फ्लिपकार्ट के IPO के लिए हो सकता है कि आपको और इंतजार करना पड़े। फ्लिपकार्ट का मालिकाना हक रखने वाली अमेरिकी रिटेलर वॉलमार्ट ने फ्लिपकार्ट से कहा है कि वह अभी अपने IPO लाने के प्लान को टाल दे। इसके बजाय वह वित्त वर्ष 2027 के खत्म होने से पहले EBITDA ब्रेकइवन (न नफा, न नुकसान) हासिल करने पर ध्यान दे। यह बात मनीकंट्रोल को मामले की जानकारी रखने वालों से मिली है। EBITDA यानि कि अर्निंग्स बिफोर इंट्रेस्ट, टैक्सेज, डेप्रिसिएशन एंड अमोर्टाइजेशन।

प्राइवेट या पब्लिक मार्केट से नई कैपिटल जुटाने के बजाय मुनाफे को प्राथमिकता देने का यह फैसला, वॉलमार्ट के CEO और प्रेसिडेंट जॉन फर्नेर की पिछले हफ्ते बेंगलुरु यात्रा के दौरान लिया गया था। फरवरी में पद संभालने के बाद फर्नेर की भारत की यह पहली यात्रा थी। उन्होंने फ्लिपकार्ट की पूरी टीम से मुलाकात की। वॉलमार्ट की फ्लिपकार्ट में 80 प्रतिशत से ज्यादा हिस्सेदारी है। वॉलमार्ट ने 2018 में भारत की फ्लिपकार्ट को 16 अरब डॉलर में खरीदा था।

फ्लिपकार्ट को लेकर वित्त वर्ष 2026 के वित्तीय आंकड़े तो मौजूद नहीं हैं। लेकिन वित्त वर्ष 2025 में Flipkart की मार्केटप्लेस शाखा Flipkart Internet ने अपने कंसोलिडेटेड नेट घाटे को लगभग 37% तक कम कर लिया। यह घाटा वित्त वर्ष 2024 में 2,358.7 करोड़ रुपये था। वित्त वर्ष 2025 में यह 1,494.2 करोड़ रुपये रह गया। हालांकि, ग्रुप स्तर पर घाटा कहीं ज्यादा था।


प्री-IPO फंडिंग राउंड भी नहीं

मनीकंट्रोल को एक व्यक्ति ने बताया है, "फ्लिपकार्ट ने अंदरूनी तौर पर मौजूदा वित्त वर्ष 2026-27 के खत्म होने से पहले EBITDA ब्रेकइवन हासिल करने का टारगेट तय किया है। इसका सीधा मतलब है कि फ्लिपकार्ट इस टारगेट को पूरा करने से पहले अपना प्लान किया गया IPO या कोई प्री-IPO फंडिंग राउंड भी नहीं लाएगी।"

पहले खबर आई थी कि फ्लिपकार्ट प्री-IPO राउंड में 2-2.5 अरब डॉलर तक की मोटी रकम जुटा सकती है। अगर यह योजना सफल होती है तो यह कंपनी के लिए लगभग दो सालों में प्राइवेट मार्केट से जुटाई गई दूसरी बड़ी रकम होगी। फ्लिपकार्ट में साल 2024 में Google ने 35 करोड़ डॉलर का निवेश किया था।

Simca Advertising की खराब शुरुआत, शेयर 15% घाटे में लिस्ट

मिंत्रा, super.money, क्लीयरट्रिप भी फ्लिपकार्ट ग्रुप में

फ्लिपकार्ट ग्रुप के तहत मिंत्रा, super.money, क्लीयरट्रिप, Ekart भी आते हैं। वॉलमार्ट के लिए, PhonePe के बाद फ्लिपकार्ट दूसरा भारतीय IPO है जिसमें देरी हुई है। वॉलमार्ट के पास अभी फोनपे में 71.8 प्रतिशत हिस्सेदारी है। वॉलमार्ट 1 लाख करोड़ डॉलर के मार्केट कैपिटलाइजेशन वाली कंपनी है, जो अमेरिका के NASDAQ पर लिस्टेड है। इस साल मार्च महीने में खबर आई कि फ्लिपकार्ट ने अपने सालाना परफॉर्मेंस रिव्यू के तहत करीब 300 कर्मचारियों को नौकरी से निकाल दिया। इससे कंपनी के कुल 30,000 से ज्यादा कर्मचारियों में से 2-3% प्रभावित हुए।

फ्लिपकार्ट के मुनाफे को बेहतर बनाने के लिए वॉलमार्ट की कोशिश कोई नई बात नहीं है। पिछले साल अप्रैल में रिपोर्ट थी कि Flipkart के बोर्ड ने ग्रुप CEO कल्याण कृष्णमूर्ति से कहा है कि वे हर महीने होने वाले कैश खर्च को 4 करोड़ डॉलर से घटाकर 2 करोड़ डॉलर कर दें। ऐसा इसलिए क्योंकि कंपनी संभावित IPO की तैयारी कर रही है।

हिंदी में शेयर बाजार स्टॉक मार्केट न्यूज़,  बिजनेस न्यूज़,  पर्सनल फाइनेंस और अन्य देश से जुड़ी खबरें सबसे पहले मनीकंट्रोल हिंदी पर पढ़ें. डेली मार्केट अपडेट के लिए Moneycontrol App  डाउनलोड करें।