CNBC-TV18 की रिपोर्ट के मुताबिक भारत सरकार ने 11 मार्च को 70 से ज्यादा कंपनियों को ऑटो कंपोनेंट प्रोडक्शन लिंक्ड इंसेंटिव (PLI) स्कीम के लिए अंतिम तौर पर चुन लिया है। PLI स्कीम के लिए चुनी गई इन कंपनियों की सूची में Maruti Suzuki,Toyota Components, Delphi TVS, Hella India, Dana Group, Bosch, Minda Industries, Tata Auto Components, Bharat Forge जैसी कंपनियां शामिल हैं।
इसके अलावा सरकार ने इस स्कीम के लिए जर्मनी, अमेरिका , नीदरलैंड, जापान , दक्षिण कोरिया, फ्रांस और इटली की कई कंपनियों को भी चुना है। यह चुनाव चैम्पियन कंपोनेंट स्कीम के तहत 103 ऑटो कंपोनेंट्स के लिए किया गया है।
ऑटो कंपोनेंट्स PLI स्कीम के तहत चुने गए कंपोनेंट्स में करीब 8 से 13 फीसदी कंपोनेंट्स ऐसे हैं जो सेफ्टी आइटम, फ्लेक्स फ्यूल, सीएनजी, एलएनजी, इमिशन कंट्रोल डिवाइसेज, पैसेंजर कन्वीनिएंय, फ्यूल एफिशिएंसी बढ़ानें वाले कंपोनेंट्स और सेंसर से संबंधित हैं। जबकि इसमें से 13-18 फीसदी कंपोनेंट्स हाइड्रोजन और इलेक्ट्रिकल व्हीकल से संबंधित हैं।
बता दें कि इसके पहले कॉर्मस और इंडस्ट्री मिनिस्टर पीयूष गोयल ने 7 मार्च को कहा था कि बजट में किए गए एलान और PLI स्कीम जैसी पहल भारत को आत्मनिर्भर बनाने और टिकाऊ विकास के रास्ते पर आगे बढ़ाने के लिए किए गए हैं।
बता दें कि 11 फरवरी 2022 को सरकार ने ऑटो मोबाइल और ऑटो मोबाइल कंपोनेंट इंडस्ट्री के लिए चैम्पियन OEM इंसेंटिव स्कीम के तहत 12 आवेदकों के PLI स्कीम आवेदन को मंजूरी दी थी। इसमें Ford, Tata Motors, Suzuki, Hyundai, Kia और Mahindra & Mahindra के आवेदन शामिल थे।
PLI स्कीम पर बोलते हुए 14 फरवरी को भारत सरकार के एक उच्चाधिकारी ने कहा था कि ऑटो मोबाइल और ऑटो कंपोनेंट सेक्टर के लिए पीएलआई स्कीम के देश में 7.5 लाख रोजगार के अवसर पैदा होंगे। इसके साथ ही अगले 5 साल में 2,31,500 करोड़ रुपये का अतिरिक्त उत्पादन हो सकेगा। 09 जनवरी 2022 तक 115 कंपनियों ने ऑटो और ऑटो कंपोनेंट सेक्टर के PLI स्कीम के लिए आवेदन दाखिल किए थे। बता दें कि PLI स्कीम संबंधित नोटिफिकेशन पिछले साल सितंबर में जारी किया गया था।