BSE Share Price: बीएसई के शेयरों में 19 मई को लगातार दूसरे दिन बड़ी तेजी दिखी। इसकी वजह यह एक खबर है, जिसमें कहा गया है कि बीएसई का शेयर निफ्टी 50 का हिस्सा बनेगा। इस साल सितंबर में निफ्टी की होने वाली रीबैलेंसिंग में बीएसई का शेयर आईटी कंपनी विप्रो के शेयर की जगह ले सकता है। इस खबर का असर बीएसई के शेयरों पर 19 मई को दिखा।
बीते एक साल में 63 फीसदी चढ़ा शेयर
बीएसई का शेयर सुबह में मजबूत खुला। फिर यह 3.6 फीसदी तक चढ़कर 4,268 रुपये पर पहुंच गया। यह निफ्टी कैपिटल मार्केट्स इंडेक्स में सबसे ज्यादा चढ़ने वाला दूसरा शेयर बन गया। सबसे ज्यादा चढ़ने वाला शेयर Angel One था, जिसमें 5.5 फीसदी की तेजी दिखी। बीएसई के शेयरों में बीते एक साल में जबर्दस्त तेजी आई है। इस दौरान यह शेयर 63 फीसदी से ज्यादा चढ़ा है। बीते एक हफ्ते में BSE का शेयर 9 फीसदी से ज्यादा चढ़ा है।
रिटेल इनवेस्टर्स ने दिखाई है स्टॉक में दिलचस्पी
बीते एक साल में बीएसई के शेयरों में ट्रे़डिंग वॉल्यूम भी काफी बढ़ा है। इसमें रिटेल इनवेस्टर्स की इस स्टॉक में बढ़ती दिलचस्पी का हाथ है। एशिया के इस सबसे पुराने स्टॉक एक्सचेंज का डेरिवेटिव्स बिजनेस भी अच्छी रफ्तार से बढ़ रहा है। खासकर सेंसेक्स के वीकली ऑप्शंस में वॉल्यूम बढ़ा है। इसके मुकाबले Wipro का शेयर बीते एक साल में 25 फीसदी से ज्यादा फिसला है।
शेयर बाजार के प्रमुख सूचकांकों में तेजी
11:20 बजे बीएसई का शेयर 2.43 फीसदी चढ़कर 4,221 रुपये पर चल रहा था। शेयर बाजार में भी तेजी दिखी। Nifty 0.22 फीसदी यानी 51 अंक चढ़कर 23,700 पर चल रहा था। सेंसेक्स 0.23 फीसदी यानी 173 अंक चढ़कर 75,496 पर चल रहा था। हालांकि, बैंक निफ्टी पर बिकवाली का दबाव दिखा। यह 41 अंक गिरकर 53,498 पर चल रहा था।
ब्रेंट अब भी 110 डॉलर प्रति बैरल पर
शेयर बाजार में तेजी की वजह अमेरिका-ईरान में फिर से बातचीत शुरू होने की उम्मीद है। हालांकि, क्रूड ऑयल की कीमतों पर इस खबर का ज्यादा असर नहीं पड़ा है। ब्रेंट क्रूड 1.71 फीसदी गिरकर 110 डॉलर प्रति बैरल पर चल रहा था। 18 मई को यह 110 डॉलर के पार चला गया था। क्रूड का ऊंचे भाव पर बने रहना भारत जैसे देश के लिए अच्छी खबर नहीं है, जो क्रूड की अपनी ज्यादातर जरूरत इंपोर्ट से पूरी करता है।