Dabur Share Price: मजबूत मार्केट सेंटिमेंट में भी आज डाबर इंडिया (Dabur India) के शेयर आज भरभराकर गिर पड़े। घरेलू इक्विटी बेंचमार्क इंडेक्स BSE Sensex और Nifty 50 आज काफी मजबूत स्थिति में हैं। हालांकि डाबर के शेयर इंट्रा-डे में ढाई फीसदी से अधिक फिसल गए। इसके शेयरों में यह गिरावट एक घोटाले में पुलिसिया कार्रवाई के चलते है। मुंबई पुलिस ने महादेव ऐप बेटिंग स्कैम (Mahadev App Betting Scam) में दर्ज एफआईआर में डाबर ग्रुप के चेयरमैन और डायरेक्टर का भी नाम है। इसी के चलते डाबर के शेयरों पर आज दबाव बना और इंट्रा-डे में BSE पर 2.56 फीसदी फिसलकर 516.60 रुपये तक आ गया। दिन के आखिरी में यह 0.79 फीसदी की कमजोरी के साथ 525.95 रुपये पर बंद हुआ है।
Mahadev App Betting Scam मामले में 32 पर FIR
न्यूज एजेंसी एएनआई की रिपोर्ट के मुताबिक मुंबई पुलिस ने महादेव बेटिंग ऐप मामले में फर्जीवाड़ा और जुआ से जुड़ी कई धाराओं में ऐप के प्रमोटर समेत 32 लोगों के खिलाफ केस कर्ज किया है। इसमें डाबर ग्रुप के चेयरमैन मोहित वी बर्मन और निदेशक गौरव वी बर्मन भी शामिल हैं। इसके अलावा अभिनेता साहिल खान का नाम भी इस एफआईआर में है। इन पर आईपीसी की धारा 420, 465, 467, 468, 471 और 120 (बी) के तहत मामला दर्ज हुआ है। यह एफआईआर कुर्ला कोर्ट के आदेश पर दायर हुआ है।
Dabur का क्या कहना है इस पर
चेयरमैन और डायरेक्टर का नाम एफआईआर में आने पर कंपनी ने एक बयान जारी किया है। कंपनी ने सभी आरोपों से इनकार किया है और कहा कि उन्हें इस एफआईआर के बारे में कोई जानकारी नहीं है। कंपनी का कहना है कि यह एफआईआर आश्चर्यजनक रूप से ऐसे समय में सामने आया है जब बर्मन परिवार रेलिगेयर एंटरप्राइजेज में अपनी मौजूदा 21.24 फीसदी हिस्सेदारी बढ़ाने पर काम कर रही है और सेबी टेकओवर कोड के तहत ओपन ऑफर लॉन्च किया है।
सीएनबीसी टीवी-18 से बातचीत में डाबर के मोहित बर्मन ने कहा कि हिस्सेदारी बढ़ाने के लिए जल्द मंजूरी मिलने की उम्मीद है। उन्होंने कहा कि इस समय बेबुनियाद आरोप और कीचड़ उछालना जारी रहेगा लेकिन कंपनी अपने काम पर ही फोकस कर रही है। बता दें कि 10 नवंबर को बर्मन परिवार ने रेलिगेयर एंटरप्राइजेज की चेयरमैन रश्मि सलूजा की तरफ से शेयरों के बिक्री की सेबी के पास शिकायत कर जांच की मांग की थी। बर्मन परिवार ने शिकायत की जब डाबर ने ओपन ऑफर लाने का इरादा सामने रखा, रश्मि ने तुरंत ही अपने शेयर बेच दिए। अब इसी की कंपनी जांच की मांग कर रही है।