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Daily Voice: भारतीय बाजार का मीडियम टर्म आउटलुक काफी अच्छा, हर गिरावट पर करें खरीद

बाजार के उतार-चढ़ाव भरे माहौल के बावजूद क्रेडिट सुइस का नजरिया मिडकैप पर पिछले साल के अंत से ही ओवरवेट है और ये मैनेजमेंट फर्म अभी भी अपने इस नजरिए पर कायम है

MoneyControl Newsअपडेटेड Aug 26, 2022 पर 7:20 PM
Daily Voice: भारतीय बाजार का मीडियम टर्म आउटलुक काफी अच्छा, हर गिरावट पर करें खरीद
अगर कच्चे तेल की कीमतें 120-125 डॉलर प्रति बैरल का स्तर पार करती है और जियोपॉलिटिकल तनाव बढ़ता है तब ही हमें भारतीय बाजार पर नए सिरे से दबाव बनता दिख सकता है

क्रेडिट सुइस वेल्थ मैनेजमेंट (Credit Suisse Wealth Management) के जीतेंद्र गोहिल ने बाजार की आगे की दशा-दिशा और देश की इकोनॉमी पर मनीकंट्रोल से एक लंबी बातचीत की। इस बातचीत में उन्होंने कहा कि क्रेडिट सुइस भारतीय इक्विटी बाजार पर अंडरवेट ना होकर रणनीतिक तौर पर न्यूट्रल नजरिया रखता है। इस बातचीत में उन्होंने निवेशकों को सलाह दी कि चूंकि भारतीय बाजार का मीडियम टर्म आउटलुक काफी अच्छा नजर आ रहा है। ऐसे में हमें हर गिरावट पर खरीद की रणनीति अपनानी चाहिए।

इस बातचीत में उन्होंने आगे कहा कि ग्लोबल इकोनॉमिक कंडीशन में कमजोरी के बावजूद भारत काफी अच्छी स्थिति में नजर आ रहा है। कॉर्पोरेट और मैक्रो फंडामेटल्स में अच्छे सुधार के चलते भारत की स्थिति काफी अच्छी दिख रही है। इसके साथ ही जीतेंद्र गोहिल ने इक्विटी निवेशकों को यह सलाह भी दी की उनको अपने पोर्टफोलियों को अच्छी तरह से डायवर्सिफाइड करना चाहिए। बहुत लीवरेज्ड पोजिशन लेने से बचना चाहिए और सुरक्षात्मक रणनीति अपनाते हुए निवेश करना चाहिए। इसकी वजह ये है कि पिछले कुछ हफ्तों के दौरान ही बाजार अपने निचले स्तरों से करीब 15 फीसदी भाग चुका और अब वैल्यूएशन के नजरिए से थोड़ा महंगा नजर आ रहा है।

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बाजार के उतार-चढ़ाव भरे माहौल के बावजूद क्रेडिट सुइस का नजरिया मिडकैप पर पिछले साल के अंत से ही ओवरवेट है और ये मैनेजमेंट फर्म अभी भी अपने इस नजरिए पर कायम है। बाजार पर बात करते हुए उन्होंने आगे कहा कि बाजार के एक बार फिर जून के लो की तरफ जाने की बहुत कम संभावना है। बाजार 2023 में यूएस फेड की तरफ से रेट कट होने का अंदाजा लगाकर चल रहा है। उन्होंने यह भी कहा कि अगर कच्चे तेल की कीमतें 120-125 डॉलर प्रति बैरल का स्तर पार करती है और जियोपॉलिटिकल तनाव बढ़ता है तब ही हमें भारतीय बाजार पर नए सिरे से दबाव बनता दिख सकता है।

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