Market Next Week: अगले हफ्ते ये 10 दस बातें तय करेंगी बाजार की चाल, मंथली एक्सपायरी भी डालेगा असर
Market Next Week: लगातार चार हफ्ते की तेजी पर ब्रेक लग गया और पिछले कारोबारी सप्ताह बाजार मामूली गिरावट के साथ बंद हुआ। अगले हफ्ते घरेलू स्तर पर कोई खास ट्रिगर नहीं है बल्कि वैश्विक स्तर से इसकी चाल तय हो सकती है
Market Next Week: लगातार चार हफ्ते की तेजी पर ब्रेक लग गया और पिछले कारोबारी सप्ताह बाजार मामूली गिरावट के साथ बंद हुआ। बीएसई सेंसेक्स (BSE Sensex) पिछले कारोबारी हफ्ते में 100 से अधिक अंकों के गिरावट के साथ 61,663 और निफ्टी 50 (Nifty 50) भी 40 से अधिक प्वाइंट्स के फिसलन के साथ 18308 पर बंद हुआ। सेक्टरल इंडेक्स की बात करें तो इसमें मिला-जुला रूझान रहा। बैंकिंग-फाइनेंशियल सर्विसेज और टेक स्टॉक्स में उछाल रही जबकि ऑटो, एनर्जी, एफएमसीजी और फॉर्मा में 1-2 फीसदी की गिरावट रही। आने वाले कारोबारी सप्ताह में भी उतार-चढ़ाव के आसार दिख रहे हैं क्योंकि एक तो मंथली एक्सपायरी का सप्ताह है और घरेलू स्तर पर बाजार को उत्साहित करने वाला खास मौका नहीं दिख रहा है।
ऐसे में एक्सपर्ट्स के मुताबिक वैश्विक स्तर पर जैसे कि अमेरिकी फेड मिनट्स, तेल कीमतों में उतार-चढ़ाव और अमेरिकी बॉन्ड यील्ड्स पर निगाहें रहेगी। रेलीगेयर ब्रोकिंग के वाइस प्रेसिडेंट (रिसर्च) अजीत मिश्र के मुताबिक अगले कारोबारी हफ्ते वैश्विक मार्केट से मिले संकेत, क्रूड और करेंसी मार्केट में मूवमेंट से घरेलू मार्केट की गतिविधियां तय होंगी। इसके अलावा नवंबर महीने की एक्सपायरी के चलते मार्केट में थोड़ी सुस्ती रहेगी। नीचे 10 ऐसे कारक हैं जिनका बाजार पर अगले कारोबारी हफ्ते असर दिखेगा।
फेड मिनट्स
प्रोड्यूसर प्राइस इंडेक्स (PPI) और इंफ्लेशन में सुस्ती से संकेत मिल रहे हैं कि अमेरिकी फेडरल रिजर्व के रूख में नरमी आ सकती है। हालांकि हाल ही में फेड ने महंगाई को नियंत्रण में रखने के लिए रेट हाइक का जोर देकर समर्थन किया था। फेड मिनट्स 24 नवंबर को होना है जिस पर अगले हफ्ते ट्रेडर्स की निगाहें रहेगी।
वैश्विक इकनॉमिक डेटा
अमेरिकी डॉलर
फेड मिनट्स से पहले अगले हफ्ते अमेरिकी डॉलर इंडेक्स में उतार-चढ़ाव दिख सकता है। पिछले दो हफ्ते से अमेरिकी डॉलर इंडेक्स 110 के नीचे ट्रेड हो रहा है। इसके अलावा 10 साल का यूएस ट्रेडरी यील्ड पर भी ट्रेडर्स निगाहें रहेगी। पिछले हफ्ते यह मामूली तेजी के साथ 3.779 फीसदी पर बंद हुआ।
भारतीय रुपया
अगले हफ्ते रुपये में उतार-चढ़ाव दिख सकता है। डॉलर की मजबूती के चलते पिछले हफ्ते यह कमजोर होकर शुक्रवार को 81.68 रुपये के भाव पर बंद हुआ। एंजेल वन के रिसर्च एनालिस्ट-करेंसी हीना नाइक के मुताबिक यह 82.00-82.40 के लेवल तक जा सकता है।
विदेशी निवेश
पिछले सप्ताह कुछ दिन विदेशी संस्थागत निवेशकों (FII) ने खरीदारी से अधिक बिक्री की। हालांकि पूरे हफ्ते की बात करें तो बिक्री से अधिक खरीदारी रही। इस महीने अब तक एफआईआई ने 13 हजार करोड़ रुपये. की खरीदारी की जिसके दम पर निफ्टी इस साल के हाई लेवल को पार कर दिया। अगर विदेशी निवेशक की खरीदारी का रूझान आगे भी जारी रहा जो निफ्टी रिकॉर्ड हाई पर भी पहुंच सकता है। ऐसे में फेड और डॉलर की चाल पर निगाहें रहेंगी। घरेलू निवेशकों ने भी मार्केट को पिछले हफ्ते बेहतर सपोर्ट दिया। घरेलू निवेशकों ने पिछले हफ्ते 2200 करोड़ रुपये. के शेयर खरीदे जबकि इस महीने अब तक 3369 करोड़ रुपये के शेयर बेचे हैं।
अगले कारोबारी हफ्ते पांच कंपनियों की घरेलू मार्केट में लिस्टिंग है। सोमवार को स्पेशियलिटी केमिकल कंपनी Archean Chemical Industries और एनबीएफसी फाइव स्टार बिजनेस फाइनेंस की लिस्टिंग है। 22 नवंबर को Kaynes Technology, 23 नवंबर को Inox Green Energy Services और 24 नवंबर को Keystone Realtors की लिस्टिंग है।
टेक्निकल व्यू
निफ्टी 50 न सिर्फ 18200 बल्कि 18300 का लेवल भी बनाए रखा और ये तात्कालिक सपोर्ट लेवल के तौर पर बने रहने वाले हैं। निफ्टी के लिए 18 हजार का लेवल अहम सपोर्ट लेवल है और 18400-18450 रेजिस्टेंस के तौर पर है। घरेलू ब्रोकरेज फर्म कोटक सिक्योरिटीज के डिप्टी वाइस प्रेसिडेंट-टेक्निकल रिसर्च अमोल अठावले के मुताबिक तकनीकी रूप से इंट्रा-डे रिवर्सल फॉर्मेशन्स और साप्ताहिक चार्ट पर बियरिश कैंडल से बुल और बियर के बीच उलझन के संकेत दिख रहे हैं। अठावले के मुताबिक मीडियम टर्म इंडेक्स फॉर्मेशन अभी भी पॉजिटिव साइड में है। ऐसे में उनका मानना है कि शॉर्ट टर्म करेक्शन में खरीदारी और तेजी में बिक्री बेहतर स्ट्रैटजी हो सकती है।
F&O से संकेत
ऑप्शन डेटा से संकेत मिल रहे हैं कि तात्कालिक समय में निफ्टी 50 18000-18150 की रेंज में ट्रेड हो सकता है। सबसे अधिक कॉल ओपन इंटेरेस्ट 18400 पर दिख रहा है जो निफ्टी के लिए नियर टर्म में रेजिस्टेंस के तौर पर काम कर सकता है। इसके बाद 19 हजार और 18500 के स्ट्राइक पर भी 18400 और फिर 18300 की स्ट्राइक पर कॉल राइटिंग के साथ सबसे अधिक दांव है।
पुट साइड में बात करें तो सबसे अधिक 18300 के स्ट्राइक पर दांव लग रहा है जिससे तात्कालिक समय में 18300 पर निफ्टी 50 को सपोर्ट मिलता दिख रहा है। इसके बाद 18300 स्ट्राइक और फिर 17900 की स्ट्राइक पर राइटिंग के साथ 18000 की स्ट्राइक पर सबसे अधिक इंटेरेस्ट दिख रहा है।
स्वास्तिक इंवेस्टमार्ट के प्रवेश गौड़ का कहना है कि ऑप्शन के आंकड़ों के हिसाब से 18400 तात्कालिक हर्डल है और कॉल साइड में सबसे अधिक इस लेवल पर दांव है। पुट-कॉल रेशियो 0.89 है जो ओवरसोल्ड जोन है यानी कि 18400 के ऊपर अगर निफ्टी पहुंचता है तो इसमें तेजी दिख सकता है।
India VIX
वोलैटिलिटी इंडेक्स India VIX में पिछले हफ्ते तेज गिरावट रही और यह एक साल के निचले स्तर पर फिसल गया। पिछले हफ्ते यह 14.39 पर बंद हुआ। एक्सपर्ट्स के मुताबिक इसकी गिरावट से मार्केट को सपोर्ट मिल रहा है और आने वाले दिनों में बड़ी गिरावट की आशंका कम है।
कॉरपोरेट एक्शन
माइंडट्री, ईजी ट्रिप प्लानर्स, महाराष्ट्र सीमलेस, कॉमर्शियल सिन बैग्स, देव इंफॉर्मेशन टेक्नोलॉजी, मफतलाल इंडस्ट्रीज और वीर एनर्जी पर फोकस रहेगा। इसके अलावा अगले कारोबारी हफ्ते में ये प्रमुख कॉरपोरेट एक्शन होंगे।
डिस्क्लेमर: मनीकंट्रोल.कॉम पर दिए गए सलाह या विचार एक्सपर्ट/ब्रोकरेज फर्म के अपने निजी विचार होते हैं। वेबसाइट या मैनेजमेंट इसके लिए उत्तरदायी नहीं है। यूजर्स को मनीकंट्रोल की सलाह है कि कोई भी निवेश निर्णय लेने से पहले हमेशा सर्टिफाइड एक्सपर्ट की सलाह लें।