Divyadhan Recycling IPO Listing: रिसाइकल्ड फाइबर और पैलेट्स बनाने वाली दिव्यधन रिसाइकलिंग के शेयरों की आज NSE के SME प्लेटफॉर्म पर धांसू एंट्री हुई। इसके आईपीओ को ओवरऑल 40 गुना से अधिक बोली मिली थी। आईपीओ के तहत 64 रुपये के भाव पर शेयर जारी हुए हैं। आज NSE SME पर इसकी 84 रुपये पर एंट्री हुई है यानी कि आईपीओ निवेशकों को 31.25 फीसदी का लिस्टिंग गेन (Divyadhan Recycling Listing Gain) मिला। लिस्टिंग के बाद शेयर और ऊपर चढ़े। उछलकर यह 88.20 रुपये (Divyadhan Recycling Share Price) के अपर सर्किट पर पहुंच गया और इसी पर बंद भी हुआ यानी कि पहले कारोबारी दिन की समाप्ति पर आईपीओ निवेशक 37.81 फीसदी मुनाफे में हैं।
Divyadhan Recycling IPO को मिला था तगड़ा रिस्पांस
दिव्यधन रिसाइकलिंग का ₹24.17 करोड़ का आईपीओ सब्सक्रिप्शन के लिए 26-30 सितंबर तक खुला था। इस आईपीओ को निवेशकों का जबरदस्त रिस्पांस मिला था और ओवरऑल यह 40.93 गुना सब्सक्राइब हुआ था। इसमें क्वालिफाइड इंस्टीट्यूशनल बायर्स (QIB) के लिए आरक्षित हिस्सा 29.39 गुना, नॉन-इंस्टीट्यूशनल इनवेस्टर्स (NII) का हिस्सा76.03 गुना और खुदरा निवेशकों का हिस्सा 32.43 गुना भरा था। इस आईपीओ के तहत 10 रुपये की फेस वैल्यू वाले 37.76 लाख नए शेयर जारी हुए हैं। इन शेयरों के जरिए जुटाए गए पैसों का इस्तेमाल कंपनी कैपिटल एक्सपेंडिचर, आम कॉरपोरेट उद्देश्यों और आईपीओ के खर्चों को भरने में करेगी।
Divyadhan Recycling के बारे में
मई 2010 में बनी दिव्यधन रिसाइकलिंग इंडस्ट्रीज रिसाइकल्ड पॉलीएस्टर स्टेपल फाइबर और रिसाइकल्ड पेलेट्स बनाती है। इसकी मैनुफैक्चरिंग यूनिट हिमाचल प्रदेश के सोलन में है। इसकी क्षमता सालाना 8030 टन फाइबर और 4320 टन पैलेट्स बनाने की है। कंपनी के वित्तीय सेहत की बात करें तो यह लगातार मजबूत हुई है। वित्त वर्ष 2022 में इसे 52.91 लाख रुपये का शुद्ध मुनाफा हुआ था जो अगले वित्त वर्ष 2023 में उछलकर 2.16 करोड़ रुपये और वित्त वर्ष 2024 में 2.38 करोड़ रुपये पर पहुंच गया। हालांकि इस दौरान कंपनी का रेवेन्यू लगभग फ्लैट रहा और कर्ज वित्त वर्ष 2022 में 8 करोड़ रुपये से गिरकर वित्त वर्ष 2023 में 5.46 करोड़ रुपये पर आया और फिर वित्त वर्ष 2024 में 6.07 करोड़ रुपये पर पहुंच गया।