अमेरिकी केंद्रीय बैंक फेडरल रिजर्व के चेयरमैन जेरोम पॉवेल ने इंटरेस्ट रेट में कमी को लेकर अपना रुख साफ कर दिया। उन्होंने 11 फरवरी को संकेत दे दिया कि वह इंटरेस्ट रेट घटाने की जल्दबाजी में नहीं हैं। इसका सीधा असर बॉन्ड यील्ड पर पड़ा। 12 फरवरी को एशियाई बाजारों में बॉन्ड यील्ड में उछाल देखने को मिला। इंडियन स्टॉक मार्केट्स में बड़ी गिरावट देखने को मिली। सेंसेक्स और निफ्टी भारी दबाव में हैं। स्मॉलकैप और मिडकैप स्टॉक्स में बड़ी गिरावट दिख रही है।
