Forex Trading Alert List: अगर आप भी फॉरेक्स ट्रेडिंग करते हैं तो कुछ ऐसे प्लेटफॉर्म हैं, जिनसे सावधान रहना होगा। केंद्रीय बैंक RBI ने इसे लेकर एक सूची तैयार की है जिसमें अब 13 नाम और जोड़े गए हैं। न्यूज एजेंसी पीटीआई की रिपोर्ट के मुताबिक अनऑथराइज्ड फॉरेक्स ट्रेडिंग प्लेटफॉर्मों की अलर्ट लिस्ट में 13 नए नाम जुड़े हैं और अब इस सूची में 88 नाम हो गए हैं। जो नए नए नाम जोड़े गए हैं, उनमें टीडीएफएक्स, रेंजर कैपिटल, इनेफेक्स, यॉर्करएफएक्स, ग्रोलाइन, थिंक मार्केट्स इत्यादि हैं। इन एंटिटीज को अब से विदेशी मुद्रा के व्यापार के लिए न तो अनुमति दी जाएगी और न ही ये आरबीआई के 2018 के निर्देशों के अनुसार इलेक्ट्रॉनिक ट्रेडिंग प्लेटफार्मों का संचालन कर सकेंगी।
RBI Alert List में नहीं है नाम तो भी न रहें बेफिक्र
अलर्ट लिस्ट में उन संस्थाओं/प्लेटफॉर्म/वेबसाइट्स के नाम शामिल हैं, जो अनऑथराइज्ड संस्थाओं/ईटीपी (एक्सचेंज-ट्रेडेड प्रोडक्ट्स) को बढ़ावा देती दिखती हैं। आरबीआई के मुताबिक इसमें ऐसे भी नाम शामिल हैं जो ऐसी अनऑथराइज्ड संस्थाओं का प्रचार करती हैं या ट्रेनिंग/एडवायजरी सर्विसेज मुहैया कराने का दावा करती हैं। हालांकि यह सूची संपूर्ण नहीं है। केंद्रीय बैंक ने चेतावनी दी है कि अगर सूची में किसी संस्था का नाम नहीं है तो उसे आथराइज्ड नहीं समझा नहीं जाना चाहिए बल्कि ऑथराइज्ड व्यक्तियों और इलेक्ट्रॉनिक ट्रेडिंग प्लेटफार्मों की सूची से स्थिति की जांच कर लेनी चाहिए।
जैसे स्टॉक ट्रेडिंग में किसी कंपनी के शेयरों की खरीद-बिक्री होती है और इसके उतार-चढ़ाव में पोजिशन लेकर मुनाफा कमाया जाता है। ठीक वैसे ही फॉरेक्स ट्रेडिंग में दो देशों के करेंसी की वैल्यू में उतार-चढ़ाव में पोजिशन बनाकर मुनाफा कमाया जा सकता है। जैसे कि USD/INR या EUR/INR की खरीद-बिक्री में एक्सचेंज रेट के बदलाव से मुनाफा बनता है। हाई लेवरेज और मार्जिन के चलते इसमें बाकी एसेट्स की तुलना में रिस्क अधिक होता है।