Fortis Healthcare Share Price: सुप्रीम कोर्ट ने दिल्ली हाईकोर्ट के निर्देश के खिलाफ दायर फोर्टिस हेल्थकेयर की याचिका का निपटारा कर दिया। सुप्रीम कोर्ट ने फोर्टिस हेल्थकेयर की फोरेंसिक ऑडिट पर आगे बढ़ने का निर्देश दिया है, जिसकी जानकारी एक्सचेंज फाइलिंग में सामने आने के बाद आज मार्केट खुला तो शेयर लाल हो गए। हालांकि इसके शेयरों पर आज कमजोर मार्केट सेंटिमेंट से भी दबाव बना। फिलहाल बीएसई पर यह 0.84% की गिरावट के साथ ₹828.05 पर है। इंट्रा-डे में यह 2.15% फिसलकर ₹817.15 तक आ गया था।
क्यों होगा Fortis Healthcare का फोरेंसिक ऑडिट
पूरा मामला दाइची सैंक्यो (Daiichi Sankyo) और सिंह ब्रदर्स (मलविंदर और शिविंदर सिंह) के बीच चल रहे विवाद से जुड़ा है। दाइची के पुराने कानूनी मामले में सिंह ब्रदर्स की फोर्टिस में हिस्सेदारी और उससे जुड़े ट्रांजैक्शंस पर सवाल उठे हैं। हालांकि फोर्टिस का कहना है वह दोनों के बीच विवाद में किसी भी तरफ नहीं रही है। कंपनी का कहना है कि सिंह ब्रदर्स अपने शेयर के मालिक थे और उसके पास इनके लेन-देन को कंट्रोल करने की क्षमता नहीं थी।
सिंह ब्रदर्स की फोर्टिस हेल्थकेयर में हिस्सेदारी 1% से कम हो गई और उन्होंने मार्च 2018 तक बोर्ड से इस्तीफा दे दिया। कंपनी का कहना है कि शेयरों की इस बिक्री से उसे कोई पैसा नहीं मिला है। कंपनी ने कहा कि स्वतंत्र निदेशकों वाले बोर्ड ने जून 2018 में नए निवेशक की तलाश के लिए कॉम्पटीटिक बिडिंग प्रोसेस शुरू किया और नवंबर 2018 में IHH हेल्थकेयर ग्रुप की नॉर्दर्न टीके वेंचर प्राइवेट लिमिटेड ने इसमें निवेश किया। फोर्टिस का कहना है कि इसके लिए नए शेयर जारी किए गए थे, सिंह ब्रदर्स से उनके शेयर खरीदकर नहीं जारी किए गए थे। फोर्टिस का कहना है कि इसे लेकर सीसीआई, सेबी, स्टॉक एक्सचेंजों और शेयरहोल्डर्स समेत जरूरी अप्रूवल लिए गए थे।
इस मामले में दिल्ली हाईकोर्ट ने फोरेंसिक ऑडिट कराने का आदेश दिया था। इसके खिलाफ कंपनी ने सुप्रीम कोर्ट ने याचिका दायर की थी लेकिन सुप्रीम कोर्ट ने 25 सितंबर को फोरेंसिक ऑडिट आगे बढ़ाने को कहा। हालांकि एक अहम स्पष्टीकरण भी दिया और कहा कि दिल्ली हाईकोर्ट ने अपने निर्देश में जो कुछ कहा, वह निर्णायक तथ्य नहीं हैं जिनका ऑडिट से कोई संबंध नहीं हैं। सुप्रीम कोर्ट ने स्वतंत्र रूप से फोरेंसिक ऑडिट का निर्देश दिया है। फोर्टिस का कहना है कि दिल्ली हाईकोर्ट ने उस पर कोई देनदारी या जुर्माना नहीं लगाया है तो ऑडिट को लेकर कहा कि इसमें उसका सच साबित होगा।
एक साल में कैसी रही शेयरों की चाल
फोर्टिस हेल्थकेयर के शेयरों ने निवेशकों को तगड़ा शॉक दिया है। पिछले साल बीएसई पर 13 अक्टूबर 2025 को यह ₹1,105.00 के भाव पर था, जो इसके शेयरों के लिए एक साल का रिकॉर्ड हाई लेवल है। इस हाई लेवल से 6 महीने में यह 30.56% टूटकर 2 अप्रैल 2026 को ₹767.30 पर आ गया था जोकि इसके शेयरों के लिए एक साल का रिकॉर्ड निचला स्तर है।
डिस्क्लेमर: यहां मुहैया जानकारी सिर्फ सूचना के लिए दी जा रही है। यहां बताना जरूरी है कि मार्केट में निवेश बाजार जोखिमों के अधीन है। निवेशक के तौर पर पैसा लगाने से पहले हमेशा एक्सपर्ट से सलाह लें। मनीकंट्रोल की तरफ से किसी को भी पैसा लगाने की यहां कभी भी सलाह नहीं दी जाती है।