इनपुट लागत में तेज बढ़ोतरी के बावजूद सरकारी तेल कंपनियों ने पेट्रोल और डीजल के दाम नहीं बढ़ाए है। न्यूज एजेंसी पीटीआई की रिपोर्ट में सूत्रों के हवाले से दावा किया गया है कि इसके चलते पेट्रोल की बिक्री पर प्रति लीटर ₹18 और डीजल की बिक्री पर ₹35 का घाटा हो रहा है। 10 वर्षों से अधिक समय पहले कीमतों पर नियंत्रण हटाए जाने के बावजूद सरकारी स्वामित्व वाली इंडियन ऑयल कॉर्पोरेशन (IOC), भारत पेट्रोलियम कॉर्पोरेशन लिमिटेड (BPCL) और हिंदुस्तान पेट्रोलियम कॉर्पोरेशन लिमिटेड (HPCL) ने अप्रैल 2022 से पेट्रोल और डीजल की खुदरा कीमतों में कोई बदलाव नहीं किया है। वहीं इस दौरान कच्चे तेल की कीमतों में तेज उठा-पटक रही।
