Trade Setup : इंडिया VIX,जिसे फियर इंडेक्स भी कहा जाता है,ऊंचे स्तर पर बना रहा,लेकिन लगातार तीसरे सेशन में 10.5-12 के लेवल के बीच ही रहा। यह सभी अहम मूविंग एवरेज से ऊपर बना रहा
Market cues : 16 जनवरी को उतार-चढ़ाव भरे और रेंजबाउंड ट्रेडिंग के बीच निफ्टी मामूली बढ़त के साथ बंद हुआ। इसने शुक्रवार समेत हफ्ते में दो बार 50-डे EMA (लगभग 25,900) से ऊपर टिके रहने की कोशिश की, लेकिन नाकाम रहा। इसलिए, इस लेवल को 26,000 की ओर और उससे आगे की तेज़ तेज़ी के लिए एक बड़ी रुकावट माना जा सकता है। दूसरी ओर, इंडेक्स पिछले लगातार पांच सेशन से क्लोजिंग बेसिस पर 100-डे EMA (25,600 से थोड़ा ऊपर) पर अच्छा सपोर्ट ले रहा है। इसके नीचे, अहम सपोर्ट 25,450 पर है। इसके अलावा, मोमेंटम और टेक्निकल इंडिकेटर ज़्यादातर साइडवेज़ से बेयरिश रहे। ऐसे में एक्सपर्ट्स का मानना है कि जब तक इंडेक्स किसी भी तरफ 25,600–25,900 की रेंज को निर्णायक रूप से नहीं तोड़ता, तब तक कंसोलिडेशन और सावधानी भरा रैवैया जारी रह सकती है।
यहां आपको कुछ ऐसे आंकड़े दे रहे हैं जिनके आधार पर आपको मुनाफे वाले सौदे पकड़ने में आसानी होगी।
Nifty के लिए की सपोर्ट और रजिस्टेंस लेवल
पिवट प्वांइट पर आधारित सपोर्ट : 25,663, 25,613 और 25,532
पिवट प्वांइट पर आधारित रजिस्टेंस : 25,824, 25,874 और 25,954
निफ्टी ने डेली और वीकली दोनों चार्ट पर डोजी जैसा कैंडलस्टिक पैटर्न बनाया। ये मार्केट में हिस्सा लेने वालों के बीच कन्फ्यूजन दिखाता है। इंडेक्स शॉर्ट-टर्म मूविंग एवरेज से नीचे ट्रेड कर करता दिखा जो नीचे की ओर जा रहे थे, जबकि 50-डे और 100-डे EMA पिछले पांच सेशन से फ्लैट बने हुए थे। यह बढ़ती हुई ट्रेंडलाइन से नीचे भी बना रहा, जो पहले सपोर्ट ट्रेंडलाइन थी और अब रेजिस्टेंस का काम कर रही है। RSI एक हफ्ते से ज़्यादा समय तक 40 के आसपास एक छोटी रेंज में रहा, जबकि MACD सिग्नल लाइन से नीचे रहा। हिस्टोग्राम ज़ीरो लाइन से नीचे रहा, हालांकि कमजोरी थोड़ी कम हुई। यह सब सावधानी भरे से लेकर मंदी वाले माहौल के साथ लगातार कंसोलिडेशन का संकेत देता है।
बैंक निफ्टी
पिवट पॉइंट्स पर आधारित रजिस्टेंस : 60,224, 60,395 और 60,672
पिवट पॉइंट्स पर आधारित सपोर्ट : 59,670, 59,499 और 59,222
फिबोनैचि रिट्रेसमेंट पर आधारित रजिस्टेंस : 60,437, 60,860
फिबोनैचि रिट्रेसमेंट पर आधारित सपोर्ट: 59,392, 59,163
बैंक निफ्टी ने औसत से ज़्यादा वॉल्यूम के साथ बेंचमार्क निफ्टी को पीछे छोड़ दिया और पिछले चार सेशन के कंसोलिडेशन से बाहर निकलने के बाद इसमें 0.86 प्रतिशत की तेज़ी आई। इंडेक्स अब सभी अहम मूविंग एवरेज से ऊपर ट्रेड कर रहा है और ऊपरी बोलिंगर बैंड के करीब पहुंच गया है, जिससे डेली टाइमफ्रेम पर एक लंबी हरी कैंडल बनी है। RSI 61.43 पर था, जिसने एक पॉजिटिव क्रॉसओवर दिखाया, और स्टोकेस्टिक RSI ने एक बुलिश क्रॉसओवर बनाए रखा, जबकि MACD लगभग फ्लैट हिस्टोग्राम के साथ एक पॉजिटिव ब्रेकआउट के कगार पर है। यह सब बैंक निफ्टी में मज़बूत बुलिश मोमेंटम का संकेत देता है।
इंडिया VIX,जिसे फियर इंडेक्स भी कहा जाता है,ऊंचे स्तर पर बना रहा,लेकिन लगातार तीसरे सेशन में 10.5-12 के लेवल के बीच ही रहा। यह सभी अहम मूविंग एवरेज (200-डे EMA को छोड़कर) से ऊपर बना रहा, जो बुल के लिए सावधानी का संकेत है। एक्सपर्ट्स की सलाह है कि अगर VIX 12 के ज़ोन से ऊपर जाता है तो अलर्ट रहें,क्योंकि इससे बुल को बड़ा खतरा हो सकता है।
पुट कॉल रेशियो
बाजार के मूड को दर्शाने वाला निफ्टी पुट-कॉल रेशियो 16 जनवरी को पिछले सेशन के 0.81 के मुकाबले गिरकर 0.76 पर आ गया। गौरतलब है कि 0.7 से ऊपर या 1 को पार पीसीआर का जाना आम तौर पर तेजी की भावना का संकेत माना जाता है। जबकि 0.7 से नीचे या 0.5 की ओर गिरने वाला अनुपात मंदी की भावना का संकेत होता है।
F&O बैन के अंतर्गत आने वाले स्टॉक
F&O सेगमेंट के अंतर्गत प्रतिबंधित प्रतिभूतियों में वे कंपनियां शामिल होती हैं, जिनके डेरिवेटिव अनुबंध मार्केट वाइड पोजीशन लिमिट के 95 फीसदी से ज्यादा हो जाती हैं।
एफएंडओ प्रतिबंध में नए शामिल स्टॉक: कोई नहीं
एफएंडओ प्रतिबंध में पहले से शामिल स्टॉक: सेल, सम्मान कैपिटल
एफएंडओ प्रतिबंध से हटाए गए स्टॉक: कोई नहीं
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