एसोसिएशन ऑफ म्यूचुअल फंड्स ऑफ इंडिया की तरफ से जारी आंकड़ों के मुताबिक इक्विटी बाजार के महंगे मूल्यांकन से डरे बिना, निवेशकों ने अक्टूबर के महीने में इक्विटी फंडों में खूब पैसा डाला है। इस अवधि में इक्विटी फंड की सभी कटेगरी में निवेश में बढ़ा है। स्मॉल कैप म्यूचुअल फंड (एमएफ) योजनाओं में अक्टूबर 2023 में 4495 करोड़ रुपये का निवेश आया है। वहीं, सितंबर में इस कटेगरी में 2678 करोड़ रुपये का निवेश हुआ था। इन आंकडों के मुताबिक ओवरऑल इक्विटी फंड्स में अक्टूबर में 19957 करोड़ रुपए का निवेश हुआ है। जबकि सितंबर में ये निवेश 14091 करोड़ रुपए पर रहा था।
साल 2023 में अक्टूबर के महीने में इक्विटी फंडों में तीसरा सबसे ज्यादा मासिक निवेश देखने को मिला है। अक्टूबर चौथा ऐसा महीना रहा जब सभी इक्विटी फंड कटेगरी में पॉजिटिव नेट इनफ्लो (जितना पैसा गया, उससे अधिक आया) देखने को मिला।
एएमएफआई के चीफ एक्जीक्यूटिव ऑफीसर (निवर्तमान) एन.एस. वेंकटेश का कहना है कि ऐसा लग रहा है कि रिटेल निवेशकों को लगता है कि स्मॉल-कैप फंडों में अभी भी कमाई के मौके। हालांकि कुछ म्यूचुअल फंड हाउसों ने स्मॉल-कैप फंडों में निवेश बंद कर दिया है या सीमित कर दिया है क्योंकि उनके लिए इन स्तरों पर बाजार में आने वाला अतिरिक्त निवेश खपाना मुश्किल हो रहा है । उन्होंने आगे कहा कि निवेशकों को स्मॉल-कैप फंडों में निवेश करते समय सावधानी बरतनी चाहिए। उन्हें अपनी तरफ से रिसर्च और जांचपरख करने के बाद ही इन स्तरों पर स्मॉल-कैप फंडों में निवेश करने का निर्णय लेना चाहिए।
47 लाख करोड़ रुपये की भारतीय म्यूचुअल फंड इंडस्ट्री में अक्टूबर महीने में निवेश बढ़ता दिखा है। अक्टूबर में भारतीय म्यूचुअल फंड इंडस्ट्री में 80,586 करोड़ रुपए का नेट इन्वेस्टमेंट आया। अक्टूबर में एसआईपी के जरिए होने वाले निवेश में बढ़त जारी रही। अक्टूबर में एसआईपी के जरिए 16,927.86 करोड़ रुपए का निवेश हुआ। जबकि इसी साल के सितंबर में एसआईपी के जरिए होने वाला निवेश 16,042 करोड़ रुपए रहा था।
अर्थव्यवस्था में ब्याज दरें अपने शिखर पर दिख रही हैं। ऐसे में निवेशक भी लंबी अवधि के डेट फंडों की ओर रुख कर रहे हैं। लंबी अवधि के डेट फंडों में अक्टूबर में 3,656 करोड़ रुपये का निवेश आया। जबकि सितंबर महीने में इनसे 3,972 करोड़ रुपए की नेट निकासी हुई थी। AMFI के आंकड़ों पर करीब से नजर डालने पर पता चलता है कि सरकारी प्रतिभूतियों (g-sec) फंडों में अक्टूबर में 2001 करोड़ रुपये का निवेश आया है। जबकि सितंबर में इस कटेगरी में 278 करोड़ रुपये के निवेश आया था।
अक्टूबर में कॉर्पोरेट डेट फंड में भी 1,940 करोड़ रुपये नेट इन्वेस्टमें देखने को मिला है। इसमें लगातार चार महीनों की निकासी के बाद निवेश आता दिखा है। चारम महीनों की नेट निकासी के बाद अक्टूबर में शॉर्ट टर्म डेट फंडों में भी 1,281 करोड़ रुपये का नेट इन्वेस्टमेंट देखने को मिला है।