Get App

Sensex दिसंबर तक छू सकता है 68500 का स्तर, ब्याज दरों में बढ़त और कमोडिटी की कीमतों पर लगेगी लगाम

ग्लोबल ऑर्डर में भारत की स्थिति लगातार मजबूत हो रही है। अपेक्षाकृत ऊंचे वैल्यूएशन के बावजूद भारतीय स्टॉक आकर्षक बने हुए हैं। इसकी आकर्षण की वजह कंपनियों की कमाई में मजबूत बढ़त की संभावना और घरेलू और विदेशी दोनों निवेशकों की बाजार में बढ़ती दिलचस्पी है

Edited By: Sudhanshu Dubeyअपडेटेड Jun 06, 2023 पर 12:52 PM
Sensex दिसंबर तक छू सकता है 68500 का स्तर, ब्याज दरों में बढ़त और कमोडिटी की कीमतों पर लगेगी लगाम
मॉर्गन स्टेनली का कहना है कि इस समय डिफेंसिव शेयरों की जगह सिक्लिकल शेयरों पर दांव लगाने की सलाह होगी

मॉर्गन स्टैनली को उम्मीद है कि दिसंबर तक बीएसई का सेंसेक्स 68500 का स्तर छू लेगा जो मौजूदा स्तर से 10 फीसदी की संभावित तेजी दिखाता है। इस ब्रोकरेज फर्म का कहना है कि सेंसेक्स इस समय अपने 25 के औसत से प्रीमियम पर कारोबार कर रहा है। इससे संकेत मिल रहा है कि मीडियम टर्म में इसमें अच्छी ग्रोथ देखने को मिल सकती है। सेंसेक्स का ये टारगेट इस अनुमान पर आधारित है कि अब कमोडिटी की कीमतों में किसी बड़ी बढ़त की संभावना नहीं है, यूएस मंदी से बच जाएगा और आरबीआई ब्याज दरों में बढ़त पर विराम जारी रखेगा।

मॉर्गन स्टेनली ने निवेशकों के लिए जारी एक नोट में कहा कि उसका मानना है कि कमोडिटी की कीमतों, खासतौर पर तेल और उर्वरक की कीमतों में कोई बड़ी बढ़ोतरी नहीं होगी। अमेरिका मंदी में नहीं फिसला है और आरबीआई ब्याज दरों में बढ़त पर विराम लगाए रखेगा और सरकार बुनियादी ढांचे पर खर्च की नीति जारी रखेगी। मॉर्गन स्टेनली का ये भी कहना है कि वित्त वर्ष 2025 कर सेंसेक्स कंपनियों की अर्निंग में सालाना आधार पर 22 फीसदी की बढ़त देखने को मिलेगी।

ग्लोबल ऑर्डर में भारत की स्थिति मजबूत

मॉर्गन स्टेनली का ये भी मनना है कि ग्लोबल ऑर्डर में भारत की स्थिति लगातार मजबूत हो रही है। अपेक्षाकृत ऊंचे वैल्यूएशन के बावजूद भारतीय स्टॉक आकर्षक बने हुए हैं। इसकी आकर्षण की वजह कंपनियों की कमाई में मजबूत बढ़त की संभावना और घरेलू और विदेशी दोनों निवेशकों की बाजार में बढ़ती दिलचस्पी है। इसके अलावा भारतीय इकोनॉमी और देश की मैक्रो कंडीशन की मजबूती की वजह भी निवेशकों का रुझान भारतीय बाजारों की ओर बढ़ रहा है।

सब समाचार

+ और भी पढ़ें