Share Market Rise: शेयर मार्केट में इन 3 कारणों से तेजी लौटी, सेंसेक्स 900 अंक उछला, निफ्टी 24,000 के पार
Share Market Rise: गुरुवार की गिरावट के बाद भारतीय शेयर बाजारों में आज 10 अप्रैल को जबरदस्त तेजी देखने को मिली। कारोबार के दौरान सेंसेक्स 900 अंकों से भी अधिक उछल गया। वहीं निफ्टी बढ़कर 24,000 के पार पहुंच गया। बैंकिंग शेयरों में खरीदारी और ग्लोबर बाजारों से मिले मजबूत संकेतों ने बाजार को सपोर्ट दिया
Share Market Rise: तेजी की सबसे बड़ी वजह फाइनेंशियल और बैंकिंग शेयरों में जोरदार खरीदारी रही
Share Market Rise: गुरुवार की गिरावट के बाद भारतीय शेयर बाजारों में आज 10 अप्रैल को जबरदस्त तेजी देखने को मिली। कारोबार के दौरान सेंसेक्स 900 अंकों से भी अधिक उछल गया। वहीं निफ्टी बढ़कर 24,000 के पार पहुंच गया। बैंकिंग शेयरों में खरीदारी और ग्लोबर बाजारों से मिले मजबूत संकेतों ने बाजार को सपोर्ट दिया।
ब्रॉडर मार्केट में भी खरीदारी का माहौल रहा। निफ्टी स्मॉलकैप- 100 में 1.58% और निफ्टी मिडकैप-100 में 0.85% तक की तेजी देखने को मिली। सेक्टोरल इंडेक्स की बात करें तो 16 में से 14 सेक्टर हरे निशान में कारोबार कर रहे थे। केवल फार्मा और आईटी सेक्टर में कमजोरी देखी गई।
दोपहर 2 बजे के करीब, सेंसेक्स 913.06 अंक यानी 1.19% बढ़कर 77,544.71 पर कारोबार कर रहा था। वहीं निफ्टी 265.95 अंक या 1.12% की बढ़त के साथ 24,041.05 पर कारोबार करता दिखा।
सेंसेक्स और निफ्टी इस हफ्ते अब तक करीब 5.5% तक चढ़ चुके हैं। इसके साथ ही शेयर बाजार में पिछले छह हफ्तों से जारी गिरावट का सिलसिला टूटने की कगार पर हैं। इसकी एक बड़ी वजह अमेरिका और ईरान के बीच दो हफ्तों के अस्थायी युद्धविराम की खबरें भी हैं।
शेयर बाजार में आज की तेजी के पीछे 3 बड़े कारण रहे-
1. फाइनेंशियल शेयरों में जोरदार खरीदारी
इस तेजी की सबसे बड़ी वजह फाइनेंशियल और बैंकिंग शेयरों में जोरदार खरीदारी रही। कारोबार के दौरान फाइनेंशियल सेक्टर में करीब 1.6 प्रतिशत की बढ़त देखी गई, जबकि पूरे हफ्ते में यह सेक्टर 8.2 प्रतिशत तक चढ़ चुका है। PSU बैंक और प्राइवेट बैंक इंडेक्स में भी मजबूती रही, जिसने बाजार के मूड को पॉजिटव बनाए रखा।
2. ग्लोबल बाजारों से मजबूत संकेत
एशियाई शेयर बाजारों में भी आज तेजी का रुख रहा, जिससे भारतीय बाजार को सपोर्ट मिला। जापान, दक्षिण कोरिया, चीन और हांगकांग के प्रमुख इंडेक्स हरे निशान में कारोबार करते नजर आए। वहीं, अमेरिकी बाजारों में भी मजबूती देखने को मिली। S&P 500 इंडेक्स 6,800 के स्तर के ऊपर बंद हुआ। वहीं डाउ जोन्स का रिटर्न 2026 के लिए पॉजिटिव हो गया।
अमेरिकी टेक कंपनियों में खासतौर तेजी पर देखने को मिली। एमेजॉन (Amazon) के शेयर AI चिप डेवलपमेंट की खबरों के बाद 5 प्रतिशत से ज्यादा चढ़ गए। वहीं इटेंल और गूगल की पैरेंट कंपनी अल्फाबेट (Alphabet) में भी सेमीकंडक्टर पार्टनरशिप से जुड़ी खबरों के चलते मजबूती रही। एनालिस्ट्स का मानना है कि अमेरिका-ईरान के बीच सीजफायर को लेकर उम्मीदों ने निवेशकों का भरोसा बढ़ाया है।हालांकि भू-राजनीतिक स्थिति अभी भी अनिश्चित बनी हुई है।
3. रुपये में मजबूती
भारतीय रुपया भी शुक्रवार को अमेरिकी डॉलर के मुकाबले मजबूत हुआ, जिसने बाजार के सेंटीमेंट को बेहतर किया। रुपया 10 पैसे की बढ़त के साथ 92.41 पर पहुंच गया। फॉरेक्स मार्केट में यह 92.58 पर खुला और बाद में मजबूत होकर 92.41 के स्तर तक पहुंचा। फॉरेक्स मार्केट के जानकारों का कहना है कि ग्लोबल घटनाओं और RBI के नियमों की समयसीमा के चलते दिनभर उतार-चढ़ाव बना रह सकता है। साथ ही, बाजार की नजर अब शनिवार को होने वाली अमेरिका-ईरान वार्ता के नतीजों पर टिकी हुई है।
एनालिस्ट्स के मुताबिक, इन बातचीस का असर कच्चे तेल की कीमतों पर पड़ेगा, जो आगे बाजार की दिशा तय करेगा। अगर तनाव कम होता है तो भारत जैसे बाजारों को फायदा मिल सकता है। वहीं तेल की कीमतों में तेजी निवेशकों के सेंटीमेंट पर दबाव डाल सकती है।
टेक्निकल चार्ट्स से क्या मिल रहे संकेत?
जियोजित इनवेस्टमेंट्स के चीफ मार्केट स्ट्रैटेजिस्ट आनंद जेम्स के मुताबिक, निफ्टी में तेजी का रुख फिर से शुरू होने की संभावना है, जिसे फ्लैग फॉर्मेशन पैटर्न से सपोर्ट मिल रहा है। उन्होंने बताया कि 23,822–23,930 का दायरा एक अहम रेजिस्टेंस बना हुआ है। अगर निफ्टी इस स्तर के ऊपर मजबूती से ब्रेकआउट करता है, तो इंडेक्स 24,400 तक पहुंच सकता है। हालांकि, अगर निफ्टी 23,930 के ऊपर टिक नहीं पाता, तो इसमें गिरावट आ सकती है और यह 23,465 के स्तर तक फिसल सकता है।
डिस्क्लेमरःMoneycontrol पर एक्सपर्ट्स/ब्रोकरेज फर्म्स की ओर से दिए जाने वाले विचार और निवेश सलाह उनके अपने होते हैं, न कि वेबसाइट और उसके मैनेजमेंट के। वेबसाइट या मैनेजमेंट इसके लिए उत्तरदाई नहीं है। Moneycontrol यूजर्स को सलाह देता है कि वह कोई भी निवेश निर्णय लेने के पहले सर्टिफाइड एक्सपर्ट से सलाह लें।