शेयर बाजारों में लगातार दूसरे हफ्ते तेजी रही। इससे निवेशकों ने राहत की सांस ली है। मध्यपूर्व की लड़ाई की वजह से शेयर बाजारों में मार्च में बड़ी गिरावट आई थी। हालांकि, अप्रैल में बाजार में रिकवरी दिखी है। 17 अप्रैल को निफ्टी 0.65 फीसदी यानी 156 अंक के उछाल के साथ 24,353 अंक पर बंद हुआ। सेंसेक्स 504 अंक चढ़कर 78,493 पर क्लोज हुआ। हफ्ते के अंतिम कारोबारी सत्र में शेयर बाजारों में काफी उतार-चढ़ाव देखने को मिला।
इस हफ्ते सेंसेक्स-निफ्टी में 1.3 फीसदी उछाल
इस हफ्ते सेंसेक्स और निफ्टी दोनों में 1.3 फीसदी की तेजी आई। पिछले हफ्ते शेयर बाजार में करीब 6 फीसदी तेजी आई थी। एक्सपर्ट्स का कहना है कि शेयर बाजार का सेंटीमेंट एक महीना पहले के मुकाबले बेहतर हुआ है। इसमें जियोपॉलिटिकल टेंशन में कमी का बड़ा हाथ है। अमेरिका और ईरान के बीच जल्द दूसरे दौर की बातचीत शुरू होने की संभावना है। इस बीच, क्रूड की कीमतों में नरमी आई है। पिछले कुछ दिनों से क्रूड की कीमतें 100 डॉलर प्रति बैरल से कम बनी हुई हैं।
एनालिस्ट्स का कहना है कि निफ्टी अब 24,800 प्वाइंट्स की तरफ बढ़ेगा। रेलिगेयर ब्रोकिंग में रिसर्च के एसवीपी अजीत मिश्रा ने कहा, "निफ्टी धीरे-धीरे ऊपर जा रहा है। इससे रिकवरी फेज जारी रहने का संकेत मिलता है। हालांकि, निफ्टी के बढ़ने की रफ्तार धीमी है। हमारा मानना है कि निफ्टी अब 24,600-24,800 की तरफ बढ़ेगा। निफ्टी का बेस अब 23,900-24,100 अंक दिख रहा है। "
निफ्टी के लिए 24,430-24,450 पर रेसिस्टेंस
एसबीआई सिक्योरिटीज में टेक्निकल एंड डेरिवेटिव्स रिसर्च के हेड सुदीप शाह ने कहा कि निफ्टी के लिए अगला रेसिस्टेंस 24,430-24,450 पर है। उन्होंने कहा, "अगर निफ्टी अगर निर्णायक रूप से इस लेवल को तोड़ देता है तो यह फिर 24,600 की तरफ बढ़ सकता है। इसके बाद निफ्टी की नजरें 24,800 के लेवल पर होंगी। गिरावट की स्थिति में निफ्टी के लिए 24,200-24,180 की रेंज में सपोर्ट दिख रहा है।"
एचडीएफसी बैंक, ICICI Bank के नतीजों पर नजर
अगले हफ्ते एचडीएफसी बैंक और आईसीआईसीआई बैंक के शेयरों पर उनके मार्च तिमाही के नतीजों का असर दिखेगा। दोनों बैंक 18 अप्रैल को तिमाही नतीजों का ऐलान करेंगे। 20 अप्रैल को शेयरों पर इसका असर दिखेगा। दोनों देश के सबसे बड़े प्राइवेट बैंक हैं। दोनों बैंकों की निफ्टी बैंक में करीब एक तिहाई हिस्सेदारी है। निफ्टी 50 में भी इनकी बड़ी हिस्सेदारी है। इसका मतलब है कि इन दोनों शेयरों में तेजी का बाजार के सेंटीमेंट पर पॉजिटिव असर पड़ेगा।