Tata Steel Q3 Update: टाटा स्टील का रिकॉर्ड तोड़ प्रोडक्शन और डिलीवरी, शेयरों पर दिख सकता है असर
Tata Steel Q3 Update: मौजूदा वित्त वर्ष की तीसरी तिमाही में टाटा स्टील के भारत ऑपरेशंस ने रिकॉर्ड प्रोडक्शन और डिलीवरी दर्ज की। क्रूड स्टील और डिलीवरी दोनों ऐतिहासिक स्तर पर पहुंचे। मजबूत सेगमेंट परफॉर्मेंस के बीच निवेशकों की नजर शेयर प्राइस और आगे की चाल पर रहेगी। जानिए डिटेल।
Tata Steel Ltd के शेयर 7 जनवरी को BSE पर 1.42 फीसदी की गिरावट के साथ ₹183.55 पर बंद हुए।
Tata Steel Q3 Update: टाटा स्टील (Tata Steel Ltd) ने बुधवार (7 जनवरी) को वित्त वर्ष 2026 की तीसरी तिमाही (Q3FY26) के प्रोविजनल प्रोडक्शन और डिलीवरी आंकड़े जारी किए। इस तिमाही में कंपनी के भारत ऑपरेशंस ने अब तक का सबसे बेहतरीन तिमाही प्रदर्शन दर्ज किया।
क्रूड स्टील प्रोडक्शन सबसे ऊंचा
तीसरी तिमाही में टाटा स्टील इंडिया का क्रूड स्टील प्रोडक्शन बढ़कर 6.34 मिलियन टन (MT) हो गया। यह दूसरी तिमाही के 5.65 MT और एक साल पहले के 5.69 MT से काफी ज्यादा है।
प्रोडक्शन में यह बढ़ोतरी तिमाही और सालाना- दोनों आधार पर 12 फीसदी रही। इसमें जमशेदपुर और कलिंगानगर प्लांट्स का अहम योगदान रहा।
FY2026 के पहले नौ महीनों में (9MFY26) भारत में कुल प्रोडक्शन 17.23 MT रहा, जबकि पिछले साल की समान अवधि में यह 16.23 MT था।
डिलीवरी में भी नया रिकॉर्ड
बेहतर प्रोडक्शन का असर डिलीवरी पर भी साफ दिखा। टाटा स्टील इंडिया की डिलीवरी तीसरी तिमाही में पहली बार 6 मिलियन टन से ऊपर पहुंच गई और 6.04 MT रही।
यह भी दूसरी तिमाही के 5.55 MT और पिछले वित्त वर्ष की तीसरी तिमाही की 5.29 MT के मुकाबले काफी ज्यादा है।
डिलीवरी में तिमाही आधार पर 9 फीसदी और सालाना आधार पर 14 फीसदी की बढ़त दर्ज हुई। FY2026 के पहले नौ महीनों में भारत की कुल डिलीवरी बढ़कर 16.34 MT हो गई, जो एक साल पहले 15.34 MT थी।
इन सेगमेंट अब तक का सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन
घरेलू डिलीवरी के भीतर ऑटोमोटिव और स्पेशल प्रोडक्ट्स वर्टिकल ने तीसरी तिमाही में करीब 0.9 MT का अब तक का सर्वश्रेष्ठ तिमाही वॉल्यूम दर्ज किया। इस सेगमेंट में सालाना आधार पर 20 फीसदी की बढ़ोतरी हुई।
यह ग्रोथ कलिंगानगर की डाउनस्ट्रीम यूनिट से हाई-टेंसाइल ग्रेड्स के लिए तेज OEM अप्रूवल और जमशेदपुर की कॉम्बी-मिल से स्पेशलिटी स्टील की मजबूत सप्लाई की वजह से आई। नौ महीने के आधार पर इस सेगमेंट में वॉल्यूम 5 फीसदी YoY बढ़ा।
ब्रांडेड और रिटेल सेगमेंट का कमाल
ब्रांडेड प्रोडक्ट्स और रिटेल वर्टिकल ने तीसरी तिमाही में पहली बार 2 मिलियन टन से ज्यादा का वॉल्यूम दर्ज किया। तिमाही में इस सेगमेंट की ग्रोथ सालाना आधार पर 12 फीसदी रही।
इस बढ़त में Tata Tiscon, Tata Astrum और Tata Steelium जैसे ब्रांड्स की बड़ी भूमिका रही। मौजूदा वित्त वर्ष के पहले 9 महीने में इस सेगमेंट की ग्रोथ 4 फीसदी रही।
इंडस्ट्रियल प्रोडक्ट्स में मजबूती
इंडस्ट्रियल प्रोडक्ट्स और प्रोजेक्ट्स वर्टिकल में तीसरी तिमाही के दौरान करीब 1.9 MT का वॉल्यूम रहा। इसे इंजीनियरिंग सेगमेंट से मजबूत सपोर्ट मिला।
इंजीनियरिंग सेगमेंट ने नौ महीनों में अब तक का सर्वश्रेष्ठ वॉल्यूम दर्ज किया। ऑयल एंड गैस और शिपबिल्डिंग जैसे सेक्टर्स के लिए मिले इंटरनेशनल सर्टिफिकेशन से इस ग्रोथ को बल मिला।
वैल्यू-एडेड प्रोडक्ट्स और ई-कॉमर्स में तेज उछाल
तिमाही के दौरान टाटा स्टील ने वैल्यू-एडेड और डाउनस्ट्रीम बिजनेस पर फोकस बनाए रखा। ट्यूब्स और टिनप्लेट में डबल डिजिट सालाना ग्रोथ रही। वायर्स ने अब तक का सबसे अच्छा तिमाही वॉल्यूम दर्ज किया
ई-कॉमर्स प्लेटफॉर्म Tata Steel Aashiyana और DigECA से Q3FY26 में ₹2,380 करोड़ का ग्रॉस मर्चेंडाइज वैल्यू (GMV) दर्ज हुआ, जो सालाना आधार पर 68 फीसदी ज्यादा है।
यूरोप और अन्य अंतरराष्ट्रीय बाजारों का हाल
यूरोप में Tata Steel Netherlands ने 1.68 MT का लिक्विड स्टील प्रोडक्शन और 1.40 MT की डिलीवरी की। मौसमी कारणों और कमजोर बाजार स्थितियों के चलते डिलीवरी तिमाही आधार पर कुछ कम रही।
Tata Steel UK ने खरीदे गए सब्सट्रेट के डाउनस्ट्रीम प्रोसेसिंग के जरिए 0.52 MT की डिलीवरी की। साथ ही EAF प्रोजेक्ट से जुड़े कामों में प्रगति जारी रही।
Tata Steel Thailand ने 0.31 MT का सेलएबल स्टील प्रोडक्शन और 0.29 MT की डिलीवरी दर्ज की। मजबूत घरेलू रीबार डिमांड की वजह से डिलीवरी सालाना आधार पर 5 फीसदी बढ़ी।
टाटा स्टील के शेयरों का हाल
Tata Steel Ltd के शेयर 7 जनवरी को BSE पर 1.42 फीसदी की गिरावट के साथ ₹183.55 पर बंद हुए। पिछले 1 महीने में स्टॉक 12.28% बढ़ा है। वहीं, 1 साल में इसने 37.61% का रिटर्न दिया है। इसका मार्केट कैप 2.29 लाख करोड़ रुपये है।
Disclaimer:यहां मुहैया जानकारी सिर्फ सूचना के लिए दी जा रही है। यहां बताना जरूरी है कि मार्केट में निवेश बाजार जोखिमों के अधीन है। निवेशक के तौर पर पैसा लगाने से पहले हमेशा एक्सपर्ट से सलाह लें। मनीकंट्रोल की तरफ से किसी को भी पैसा लगाने की यहां कभी भी सलाह नहीं दी जाती है।