Top 3 Biggest IPO below Issue Price: देश के तीन सबसे बड़े आईपीओ आईपीओ निवेशकों का बड़ा फायदा नहीं करा पाई। इसमें से एक आईपीओ के तहत जारी शेयर तो पांच साल में कभी इश्यू प्राइस भी नहीं छू सके। यहां बात हो रही है तीन बड़ी और अपने-अपने सेगमेंट की दिग्गज कंपनियों- हुंडई मोटर इंडिया (Hyundai Motor India), एलआईसी (LIC) और पेटीएम (Paytm) की। इन तीनों कंपनियों ने देश के तीन सबसे बड़े आईपीओ पेश किए। इसमें से दो तो आईपीओ निवेशकों का कुछ मुनाफा तो करा दिया लेकिन पेटीएम ने तो हमेशा घाटे में ही रखा।
पहले बात करें हुंडई मोटर इंडिया की तो इसके रिकॉर्ड ₹27,859 करोड़ के आईपीओ के तहत निवेशकों को ₹1960 के भाव पर शेयर जारी हुए थे। 22 अक्टूबर 2024 को इसके शेयरों की बीएसई पर ₹1931 के भाव यानी 1% से अधिक डिस्काउंट पर एंट्री हुई। 7 अप्रैल 2025 को यह ₹1,542.95 के रिकॉर्ड निचले स्तर तक आ गया था जिससे रिकवर होकर 22 सितंबर 2025 को ₹2,889.65 के रिकॉर्ड हाई लेवल पर पहुंचा था यानी कि आईपीओ निवेशक 47.43% मुनाफे में पहुंच गए। अभी की बात करें तो शुक्रवार 24 अप्रैल को बीएसई पर यह 3.24% की गिरावट के साथ ₹1784.55 के भाव पर बंद हुआ यानी कि आईपीओ निवेशक फिलहाल 8.95% घाटे में हैं।
देश की सबसे बड़ी लाइफ इंश्योरेंस कंपनी एलआईसी का ₹20,557 करोड़ का आईपीओ दूसरा सबसे बड़ा इश्यू है। आईपीओ निवेशकों को ₹949 के भाव पर शेयर जारी हुए थे लेकिन 17 मई 2022 को लिस्टिंग के दिन ₹₹867.20 पर लिस्ट हुआ यानी कि आईपीओ निवेशक को लिस्टिंग गेन की बजाय 8.62% का घाटा झेलना पड़ा। अगले साल 29 मार्च 2023 को यह ₹530.20 के रिकॉर्ड निचले स्तर तक आ गया था यानी कि आईपीओ निवेशक 44.13% घाटे में आ गए। इस निचले स्तर से रिकवर होकर 1 अगस्त 2022 को यह ₹1,221.50 तक पहुंचा और आईपीओ निवेशक 28.71% मुनाफे में आए। हालांकि अभी की बात करें तो 24 अप्रैल को यह 0.10% की गिरावट के साथ ₹811.10 पर बंद हुआ यानी कि आईपीओ निवेशक अभी 14.53% घाटे में हैं।
अब बात करते हैं कि पेटीएम की। इसके ₹18,300 करोड़ के आईपीओ के तहत निवेशकों को ₹2150 के भाव पर शेयर जारी हुए थे। 18 नवंबर 2021 को इसके शेयरों की ₹1955 पर एंट्री हुई यानी कि आईपीओ निवेशक को लिस्टिंग पर 9.07% का झटका लगा। धीरे-धीरे शेयरों ने रिकवरी की कोशिश शुरू की लेकिन 25 नवंबर 2021 को ₹1875 के रिकॉर्ड हाई तक ही पहुंच पाए जिस पर आईपीओ निवेशक 12.79% के घाटे में थे। इसके बाद तो धीरे-धीरे यह नीचे आता गया और 9 मई 2024 को टूटकर यह ₹310.00 के रिकॉर्ड निचले स्तर पर आ गया था यानी कि आईपीओ निवेशक 85.58% घाटे में। अभी की बात करें तो शुक्रवार को यह 1.10% की गिरावट के साथ ₹1147.10 पर बंद हुआ यानी कि आईपीओ निवेशक अभी भी 46.65% घाटे में हैं।
(सभी भाव बीएसई से लिए गए हैं)
डिस्क्लेमर: यहां मुहैया जानकारी सिर्फ सूचना के लिए दी जा रही है। यहां बताना जरूरी है कि मार्केट में निवेश बाजार जोखिमों के अधीन है। निवेशक के तौर पर पैसा लगाने से पहले हमेशा एक्सपर्ट से सलाह लें। मनीकंट्रोल की तरफ से किसी को भी पैसा लगाने की यहां कभी भी सलाह नहीं दी जाती है।