Vedanta demerger: वेदांता का बहुप्रतीक्षित डिमर्जर अब लागू हो चुका है। अनिल अग्रवाल की यह कंपनी पांच अलग-अलग बिजनेस में बंट गई है। इनमें एल्युमिनियम, ऑयल एंड गैस, पावर, आयरन एंड स्टील और मौजूदा वेदांता इकाई शामिल हैं। इस बदलाव के बाद निवेशकों के मन में सबसे बड़ा सवाल यही है कि आगे ग्रोथ और वैल्यूएशन कैसे दिखेंगे।
