Vodafone Idea Share Price: वोडाफोन आइडिया का शेयर बीते चार सत्रों में 6.5 फीसदी से ज्यादा चढ़ा है। बीते एक महीने में यह 45 फीसदी उछला है। 22 मई को शेयर 0.66 फीसदी चढ़कर 13.71 रुपये पर बंद हुआ। इस तेजी की शुरुआत 19 मई को हुई थी, जब शेयर 5 फीसदी से ज्यादा चढ़ा था। तब से यह 6.67 फीसदी उछल चुका है। सवाल है कि शेयरों में तेजी की वजह क्या है?
कंपनी लोन के लिए कर रही है बातचीत
Vodafone Idea के सीईओ अभिजीत किशोर के यह बताने के बाद शेयरों को पंख लग गए कि कंपनी 35,000 करोड़ रुपये के कर्ज के लिए एसबीआई की अगुवाई वाले कुछ बैंकों के एक कंसोर्शियम से बातचीत कर रही है। उन्होंने मार्च तिमाही के नतीजों के ऐलान के बाद कॉन्फ्रेंस कॉल में यह बात कही थी। उन्होंने यह भी कहा था कि इस कंसोर्शियम में कुछ सरकारी बैंक, कुछ प्राइवेट बैंक और कुछ विदेशी बैंक शामिल हैं।
वोडाफोन आइडिया फिर से अपनी पुरानी साख हासिल करने की कोशिश कर रही है। किशोर ने बताया था कि कंपनी अपनी ब्रांड इमेज को बेहतर करने के लिए भी निवेश करेगी। लंबे समय बाद वोडाफोन आइडिया क्राइसिस से बाहर निकलती दिख रही है। इसकी बड़ी वजह एडजस्टेड ग्रॉस रेवेन्यू (AGR) मामले में मिली राहत है। हालांकि, अब भी कंपनी पर काफी फाइनेंशियल लायबिलिटी है।
कंपनी अपनी लायबिलिटी पूरी करेगी
किशोर ने कहा है कि कंपनी अगले तीन सालों में अपनी फाइनेंशियल लायबिलिटी पूरी करने में सफल रहेगी। इसके लिए कंपनी हायर EBITDA, डेट फंडिंग और टैक्स रिफंड का इस्तेमाल करेगी। इसके अलावा प्रमोटर्स भी कंपनी में निवेश करेंगे। पिछले सालों में वोडाफोन आइडिया रिलायंस जियो और भारती एयरटेल से काफी पिछड़ गई है।
नेटवर्क एक्सपैंशन पर निवेश की योजना
वोडाफोन आइडिया बैंकों से कुल 35,000 करोड़ रुपये के लिए बात कर रही है। इसमें से 25,000 करोड़ रुपये फंडेड फैसिलिटी होगी, जबकि 10,000 करोड़ रुपये नॉन-फंडेड फैसिलिटी होगी। इस पैसे का इस्तेमाल कंपनी अगले तीन सालों में अपने नेटवर्क एक्सपैंशन और कैपिटल एक्सपेंडिचर प्लान के लिए करेगी।
पश्चिम बंगाल में 5जी नेटवर्क का विस्तार
20 मई को कंपनी ने रिन्यूएबल एनर्जी स्पेशल पर्पस व्हीकल एमटीके क्वांटम ग्रीन एनर्जी में 26 फीसदी हिस्सेदारी हासिल करने के एग्रीमेंट पर हस्ताक्षर किए। इससे कंपनी को अपने ऑपरेशंस के लिए सस्ती ग्रीन पावर मिलेगी। 21 मई को कंपनी ने कहा कि वह पूरे पश्चिम बंगाल में अपने 5जी नेटवर्क का विस्तार कर रही है। कंपनी को मार्च तिमाही में 51,970 करोड़ रुपये प्रॉफिट हुआ। हालांकि, इसकी वजह वन-टाइम अकाउंटिंग गेन है, जो बकाया एजीआर के रीएसेसमेंट से जुड़ा है।