इस चुनाव को शिंदे की प्रतिष्ठा का सवाल माना जा रहा है। क्योंकि उन्हें यह दिखाना है कि उनका गुट दिवंगत बालासाहेब ठाकरे की सच्ची विरासत है। शिंदे को ओर से पेश प्रस्ताव में 107 सीटों का विस्तृत विश्लेषण शामिल है, जिसमें हर एक निर्वाचन क्षेत्र के जातिगत समीकरण पर रोशनी डाली गई है। रिपोर्ट गठबंधन सहयोगियों की तुलना में शिवसेना उम्मीदवारों की ताकत का भी मूल्यांकन करती है
अपडेटेड Sep 09, 2024 पर 08:59 PM