Bonus: पश्चिम बंगाल सरकार ने अपने सरकारी कर्मचारियों के लिए 6,800 रुपये के एड हॉक बोनस (Ad-hoc Bonus) की घोषणा की है। यह फायदा उन कर्मचारियों को मिलेगा, जो किसी प्रोडक्टिविटी -लिंक्ड बोनस सिस्टम के अंतर्गत नहीं आते हैं और जिनकी मंथली सैलरी मार्च 2024 तक 44,000 रुपये से कम है। राज्य वित्त विभाग के जारी जारी आदेश के अनुसार मुस्लिम समुदाय के कर्मचारियों को ईद-उल-फितर से पहले यह बोनस मिलेगा, जबकि अन्य कर्मचारियों को यह राशि 15 से 19 सितंबर के बीच दिया जाएगा।
पेंशनर्स को 3,500 रुपये की अनुग्रह राशि (Ex-gratia Payment)
सरकार ने पेंशनर्स के लिए 3,500 रुपये की अनुग्रह राशि (Ex-gratia Payment) की भी घोषणा की है, जिससे राज्य के हजारों रिटायर कर्मचारियों को पैसा मिलेगा।
ब्याज-फ्री एडवांस अमाउंट की मिलेगी सुविधा
राज्य सरकार ने अपने कर्मचारियों को ब्याज मुक्त एडवांस (Interest-Free Advance) देने का भी निर्णय लिया है। जिन कर्मचारियों का मंथली सैलरी मार्च 2024 तक 52,000 रुपये से कम है, वे 20,000 रुपये तक का एडवांस अमाउंट मिलेगा। इस फैसले से सरकारी कर्मचारियों को त्योहारी सीजन में राहत मिलने की उम्मीद है।
पश्चिम बंगाल में पिछड़े वर्ग की समीक्षा पर सुप्रीम कोर्ट में सुनवाई
इस बीच, पश्चिम बंगाल सरकार ने सुप्रीम कोर्ट को सूचित किया कि राज्य का पिछड़ा वर्ग आयोग (Backward Classes Commission) पिछड़ेपन के मुद्दे पर दोबारा समीक्षा कर रहा है। राज्य सरकार की ओर से वरिष्ठ वकील कपिल सिब्बल ने न्यायमूर्ति बीआर गवई और एजी मसीह की पीठ को बताया कि यह प्रक्रिया तीन महीनों में पूरी हो जाएगी। इसके बाद सुप्रीम कोर्ट ने सुनवाई को जुलाई तक के लिए स्थगित कर दिया। अदालत ने स्पष्ट किया कि यह समीक्षा किसी भी पक्ष के अधिकारों को प्रभावित किए बिना होगी। राज्य सरकार का यह कदम सामाजिक और आर्थिक रूप से पिछड़े वर्गों की स्थिति का दोबारा मूल्यांकन करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल माना जा रहा है।