गोल्ड की कीमतों में 8 मई को मिलाजुला रुख देखने को मिला। विदेशी बाजार में गोल्ड में तेजी दिखी, जबकि इंडिया में गोल्ड फ्यूचर्स में नरमी है। अंतरराष्ट्रीय बाजार में स्पॉट गोल्ड 0.9 फीसदी चढ़कर 3,392.90 डॉलर प्रति औंस पर पहुंच गया। यूएस गोल्ड फ्यूचर्स 0.2 फीसदी की तेजी के साथ 3,399.80 डॉलर प्रति औस था। इधर, इंडिया में कमोडिटी एक्सचेंज एमसीएक्स में गोल्ड फ्यूचर्स में नरमी देखने को मिली। 11:49 बजे गोल्ड फ्यूचर्स 0.83 फीसदी गिरकर 96,277 रुपये प्रति 10 ग्राम चल रहा था।
फेड चेयरमैन के बयान से चढ़ा गोल्ड
अंतरराष्ट्रीय बाजार में गोल्ड (Gold) में तेजी की वजह अमेरिकी केंद्रीय बैंक फेडरल रिजर्व (Federal Reserve) की कमेंट्री बताई जा रही है। अमेरिकी केंद्रीय बैंक ने आगे आर्थिक अनिश्चितता के संकेत दिए हैं। उसका मानना है कि बढ़ता इनफ्लेशन अमेरिकी इकोनॉमी में अनिश्चितता बढ़ा सकता है। अगर अमेरिकी इकोनॉमी में संकट बढ़ता है तो गोल्ड की चमक बढ़ सकती है। पहले से ही गोल्ड तेजी के नए-नए रिकॉर्ड बना रहा है। 2025 में गोल्ड ने निवेशकों को दूसरे एसेट क्लास से ज्यादा रिटर्न दिया है। 22 अप्रैल को गोल्ड का भाव 3,500 डॉलर प्रति औंस पहुंच गया था। यह अब तक का गोल्ड का सबसे ज्यादा प्राइस है।
इंडिया में गोल्ड फ्यूचर्स में नरमी
इधर, कमोडिटी एक्सचेंज MCX में गोल्ड में नरमी देखने को मिली। एक्सपर्ट्स का कहना है कि पिछले सत्र में तेजी के बाद मुनाफावसूली इसकी वजह हो सकती है। सिंगापुर के गोल्डसिल्वर सेंट्रल के एमडी ब्रियन लैन ने कहा कि पाकिस्तान में आतंकी शिविरों पर इंडिया के एक्शन से माहौल गर्मा गया है। अगर दोनों देशों में टकराव बढ़ता है तो गोल्ड की चमक बढ़ सकती है। उन्होंने कहा कि ऐसे में सोना ऊंचाई का नया रिकॉर्ड बहना सकता है। दरअसल सोने को निवेश का सबसे सुरक्षित जरिया माना जाता है।
गोल्ड 1,06,000 रुपये तक जा सकता है
ब्रोकरेज फर्म मोतीलाल ओसवाल फाइनेंशियल सर्विसेज (MOFSL) ने गोल्ड के लिए 1,06,000 रुपये प्रति 10 ग्राम का टारगेट दिया है। इसका मतलब है कि आगे गोल्ड में तेजी देखने को मिल सकती है। एक्सपर्ट्स का कहना है कि गोल्ड में गिरावट के मौके का इस्तेमाल खरीदारी के लिए किया जा सकता है। MOFSL ने कहा है कि गोल्ड के लिए 90,000-91,000 रुपये पर सपोर्ट है, जबकि 99,000 रुपये पर इसे रेसिस्टेंस का सामना करना पड़ेगा।
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एक्सपर्ट्स का कहना है कि निवेशकों के इनवेस्टमेंट पोर्टफोलियो में 10-15 फीसदी गोल्ड होना चाहिए। अगर आपको पोर्टफोलियो में गोल्ड नहीं है या इस लेवल से कम है तो गोल्ड में आप निवेश कर सकते हैं। अब गोल्ड में निवेश करना बहुत आसान हो गया है। घर बैठे आप गोल्ड ईटीएफ या म्यूचुअल फंड्स की गोल्ड स्कीम में निवेश कर सकते हैं। इन स्कीम में SIP के जरिए भी निवेश किया जा सकता है। इसमें हर महीने आप एक निश्चित अमाउंट गोल्ड में इनवेस्ट कर सकते हैं।