आज के समय में क्रेडिट कार्ड सिर्फ खर्च करने का साधन नहीं, बल्कि वित्तीय अनुशासन और भरोसे का पैमाना भी बन चुका है। अक्सर लोग सोचते हैं कि बैंक उनकी क्रेडिट लिमिट कैसे तय करता है और अगर जरूरत हो तो उसे बढ़वाने का सही तरीका क्या है। हाल ही में सामने आई एक रिपोर्ट ने इस प्रक्रिया को विस्तार से समझाया है।
