GST Day 2023: देश की आजादी के बाद सबसे बड़ा टैक्स सुधार के रूप में 1 जुलाई, 2017 को गुड्स एंड सर्विस टैक्स (Goods and Services Tax -GST) को लागू किया गया था। GST को लागू हुए 6 साल पूरे हो चुके हैं। इन 6 सालों में GST ने देश के इनडायरेक्ट टैक्स सिस्टम का कायाकल्प कर दिया है। GST दिवस 2023 पर देश की वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण (Nirmala Sitharaman) ने कहा कि GST लागू होने से रोजमर्रा की वस्तुओं की कीमतें कम हो गई हैं। टैक्स की दरें कम हो गई है। इससे आम आदमी को बड़ी राहत मिली है।
GST की छठी वर्षगांठ के अवसर पर आयोजित एक समारोह में सीतारमण ने कहा कि GST लागू होने के पहले के मुकाबले अब कई रोजमर्रा की वस्तुओं पर GST के तहत टैक्स की दर में गिरावट आई है।
इन वस्तुओं पर घटा टैक्स
वित्त मंत्री ने कहा कि दूध, चाय, दूध पाउडर, चीनी, खाद्य वनस्पति तेल, मसाले और जूते जैसी वस्तुएं जिनकी कीमत 500 रुपये तक है। उस पर 5 फीसदी टैक्स लगता है। GST लागू होने के पहले यह टैक्स 6 से 10 फीसदी तक था। सीतारामन ने आगे कहा कि हेयर ऑयल, टूथपेस्ट, साबुन, परफ्यूम और डिटर्जेंट जैसी वस्तुओं पर GST 28 फीसदी था। जिसे कम करके 18 फीसदी कर दिया गया है। मिक्सचर, ग्राइंडर, रेफ्रिजरेटर, वैक्यूम क्लीनर और टेलीविजन (27 इंच) और वॉशिंग मशीन जैसे सामान्य उपयोग वाले बिजली के सामानों पर पहले 31.5 फीसदी टैक्स लगता था। GST लागू होने के बाद अब यह घटकर 12 फीसदी हो गया है। निर्मला सीतारामन ने बताया कि ये अब लग्जरी वस्तुएं नहीं हैं। बल्कि घर के कामकाज में इनका इस्तेमाल किया जाता है।
राज्यों के खजाने में इजाफा
वित्त मंत्री ने आगे अपने बयान में कहा कि GST लागू होने के बाद राज्य सरकारों के राजस्व में भी सुधार हुआ है। इससे सभी राज्यों के राजस्व में इजाफा हुआ है। केंद्र सरकार ने भी GST से ज्यादा अमाउंट जुटाए हैं। मंत्री ने बताया कि मुआवजे के ट्रांसफर करने के बाद भी राज्यों के राजस्व में बढ़ोतरी हुई है।